{"_id":"669a65353804d42c1f01c6fb","slug":"private-bus-operators-has-demanded-govt-to-immediately-withdraw-50-discount-given-to-women-in-hrtc-buses-2024-07-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Private Bus Operators: महिलाओं को किराये में छूट वापस न ली तो बसें खड़ी कर देंगे, पत्र लिखकर उठाई मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Private Bus Operators: महिलाओं को किराये में छूट वापस न ली तो बसें खड़ी कर देंगे, पत्र लिखकर उठाई मांग
Fri, 19 Jul 2024 06:38 PM IST
अंकेश डोगरा
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: अंकेश डोगरा
Updated Fri, 19 Jul 2024 06:38 PM IST
सार
निजी बस ऑपरेटर संघ ने प्रदेश सरकार को चेतावनी दी है कि अगर एचआरटीसी बस किराये में महिलाओं को 50 फीसदी छूट तुरंत वापस नहीं ली गई तो वे अपनी बसें खड़ी कर चाबियां आरटीओ कार्यालयों में जमा करवा देंगे।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
हिमाचल निजी बस ऑपरेटर संघ ने प्रदेश सरकार से एचआरटीसी बस किराये में महिलाओं को 50 फीसदी छूट तुरंत वापस लेने की मांग की है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू को लिखे पत्र में संघ के पदाधिकारियों ने तर्क दिया है कि एचआरटीसी बसों में महिलाओं को किराये में छूट से निजी बस ऑपरेटरों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। अगर सरकार यह छूट वापस नहीं लेती है तो निजी ऑपरेटर अपनी बसें खड़ी कर चाबियां आरटीओ कार्यालयों में जमा करवा देंगे।
विज्ञापन
संघ के प्रदेश अध्यक्ष राजेश पराशर और महासचिव रमेश कमल का कहना है कि पूर्व भाजपा सरकार ने वोट बैंक के लिए महिलाओं को एचआरटीसी की बसों में किराये में 50 फीसदी की छूट दी थी, इस फैसले से न केवल निजी बस ऑपरेटर बल्कि एचआरटीसी को भी घाटा उठाना पड़ रहा है। महिलाओं को किराये में छूट से पात्र महिलाओं को लाभ नहीं मिल रहा, छूट का लाभ ऐसी महिलाएं ले रही हैं जो नौकरी पेशा हैं और पूरा किराया देने में सक्षम हैं। पात्र महिलाएं बस में सफर बहुत कम करती हैं, लेकिन नौकरी पेशा महिलाएं एचआरटीसी बसों में रोजाना आना-जाना करती हैं।
विज्ञापन
इस छूट से एचआरटीसी को 65 फीसदी नुकसान हो रहा है जो निगम के घाटे का सबब बन रहा है। इस छूट के कारण एचआरटीसी बसें लगातार ओवरलोड चल रही हैं, जबकि निजी बसें रूट पर खाली दौड़ रही हैं। निजी बस ऑपरेटर बसों का खर्चा निकालने में असमर्थ हो रहे हैं। संघ ने सरकार से निजी बस ऑपरेटरों और एचआरटीसी के हित में तुरंत 50 फीसदी छूट का फैसला वापस लेने की मांग की है।
विज्ञापन