हिमाचल के लिए नई खेल नीति बनेगी : गोविंद ठाकुर
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जिला मुख्यालय में खेल महाकुंभ के शुभारंभ पर वन, परिवहन एवं खेल मंत्री गोविंद ठाकुर ने कहा कि सरकार नई खेल नीति तैयार करेगी। इसके लिए सभी राज्यों की खेल नीति का अध्ययन किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश की खेल नीति देश भर में सर्वश्रेष्ठ होगी। हिमाचल में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है और प्रतिभाओं का पलायन रोकने को राज्य में ही खेल गतिविधियों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी।
उन्होंने कहा कि खेल विभाग में रिक्त पड़े पदों को भरने के लिए भी मंजूरी मिल गई है और रिक्त पदों को सर्विस कमीशन के माध्यम से भरा जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवाओं को खेलने के लिए बेहतर अवसर भी प्रदान किए जा रहे हैं।
खेल मंत्री ने कहा कि 1982 के बाद खेल कल्याण फंड को संशोधित नहीं किया गया है, लेकिन वर्तमान सरकार ने 2018 के आधार पर खेल कल्याण फंड को लागू करने के लिए विचार किया गया है।
खेलों को बढ़ावा देने के लिए हिमाचल के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को भी हिमाचल में युवाओं को प्रशिक्षित करने का अवसर दिया जाएगा। इसी कड़ी में ग्रेट खली को मंडी और सोलन में डब्ल्यूडब्ल्यूई प्रतियोगिताओं के आयोजन लिए आमंत्रित किया गया है।
25 जेएनयूआरएम बसों पर फैसला 14 को : गोविंद
परिवहन, वन एवं खेल मंत्री गोविंद ठाकुर ने हमीरपुर में पत्रकार वार्ता में कहा कि उच्च न्यायालय ने जेएनयूआरएम बसों को क्लस्टर रूटों पर नहीं चलने के चलते बंद करने के आदेश दिए थे।
उन्होंने कहा कि इस फैसले के बाद प्रदेश में 325 जेएनयूआरएम की बसें अड्डों पर खड़ी हैं। कहा कि सरकार ने न्यायालय में आवेदन पत्र दाखिल किया है। 14 जून को प्रदेश उच्च न्यायालय में मामले में सुनवाई होगी।
इसके बाद इन बसों पर सड़कों पर चलाया जाएगा। एचआरटीसी बस कंडक्टरों का लंबित रात्रि भत्ते का आने वाले समय में भुगतान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सड़क हादसों को कम करने पर सरकार गंभीरता से प्रयास कर रही है।