पहाड़ी दरकने से मंडी-मनाली हाईवे 8 घंटे ठप, यात्रियों ने वाहनों में गुजारी रात
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तीन दिन से जारी बारिश से पहाड़ दरकने लगे हैं। शुक्रवार आधी रात के बाद जिले के कोटरोपी और मैगल में पहाड़ी का मलबा खिसकने से पठानकोट-मंडी-मनाली-लेह नेशनल हाईवे ठप हो गया।
रात डेढ़ बजे बंद हुआ नेशनल हाईवे शनिवार की सुबह सवा आठ बजे बहाल किया गया। पौने सात घंटे तक दोनों तरफ वाहनों की कतारें लगी रहीं। गौर हो कि कोटरोपी में 11 अगस्त 2017 को पहाड़ी खिसकने से 48 लोगों की मौत हो गई थी।
रातभर हाईवे बहाल होने का इंतजार करते रहे यात्री
उधर, देर रात को मैगल और कोटरोपी के पास पहाड़ी के मलबे से अवरुद्ध हाईवे से यात्रियों के लिए मुश्किलें खड़ी हो गईं। हाइवे पर गुजरने वाले वाहनों को रातभर हाईवे बहाल होने का इंतजार करना पड़ा।
यात्रियों ने वाहनों में ही रात गुजारी। लोक निर्माण विभाग द्रंग के सहायक अभियंता दिविज शर्मा ने बताया कि मैगल के पास हाइवे बंद होने की सूचना विभाग को रात करीब पौने दो बजे मिली। मैगल के पास मार्ग को इस वर्ष ही चौड़ा किया गया है।
करीब दो सौ मीटर का एरिया पहाड़ी के काटने से स्लाइडिंग जोन बना हुआ है। शनिवार सुबह करीब सवा आठ बजे मैगल के पास हाइवे को यातायात के लिए बहाल कर दिया गया। यात्रियों को दोनों स्थानों पर बंद के कारण परेशानी का सामना करना पड़ा।