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नयना देवी-आनंदपुर साहिब रोपवे की कवायद तेज
Wed, 24 Apr 2019 01:18 PM IST
अरविन्द ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Wed, 24 Apr 2019 01:18 PM IST
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श्री नयना देवी और श्री आनंदपुर साहिब के बीच रोपवे निर्माण की कवायद तेज हो गई है। मंगलवार को हिमाचल और पंजाब के पर्यटन अधिकारियों की चंडीगढ़ में बैठक हुई। बैठक में रोपवे निर्माण के लिए चयनित आईपीआरसीएल कंपनी ने प्रस्तुति दी। बताया गया कि तीन वर्ष पहले गठित यह कंपनी इस समय देश में 12 ऐसे रोपवे बना रही है। इनमें 8 किलोमीटर लंबा एलीफेंटा मुंबई रोपवे भी शामिल है।
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श्री नयना देवी और श्री आनंदपुर साहिब रोपवे कंपनी प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक मंडल की पहली बैठक मंगलवार को चंडीगढ़ के पंजाब भवन में हुई। रोपवे निर्माण को लेकर पिछले साल 28 सितंबर को हुए समझौता ज्ञापन के बाद हिमाचल प्रदेश और पंजाब के संयुक्त उपक्रम के रूप में निदेशक मंडल का गठन किया गया। शुरुआती पूंजीगत निवेश में 50-50 लाख रुपये की राशि दोनों राज्यों की ओर से जमा करवाई जा रही है।
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इस रोपवे के निर्माण से प्रमुख शक्तिपीठ श्री नयना देवी तक पहुंचने के लिए श्रद्धालुओं को चढ़ाई नहीं चढ़नी पड़ेगी। प्रदेश की ओर से अतिरिक्त मुख्य सचिव पर्यटन राम सुभग सिंह, निदेशक पर्यटन अमित कश्यप और अतिरिक्त निदेशक मनोज शर्मा बैठक में शामिल हुए।
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तीन जगह बनेंगे रोपवे के टर्मिनल
प्रोजेक्ट का लोअर टर्मिनल पंजाब में श्री आनंदपुर साहिब के निकट रामपुर में, इंटरमीडिएट स्टेशन हिमाचल के टोबा में और अपर टर्मिनल प्वाइंट श्री नैना देवी में होगा।
साल 2012 में शुरू हुआ था प्रयास
वर्ष 2012-13 में इस रोपवे के निर्माण का प्रयास शुरू किया गया था। इसके लिए 14 एकड़ जमीन अधिकृत की गई थी लेकिन किन्हीं परिस्थितियों में इसका निर्माण नहीं हो पाया। पिछले साल 28 सितंबर को चंडीगढ़ में दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों की उपस्थिति में इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के एमओयू पर हस्ताक्षर हुए।