कागजी शेर है जयराम सरकार: मुकेश अग्निहोत्री
नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि जयराम सरकार कागजी शेर है। सरकार की तमाम योजनाएं कागजों में ही हैं। धरातल पर कुछ नहीं कर पाई। सदन में विपक्ष पर सवाल उठाने वाले मुख्यमंत्री बताएं कि फॉरेन फंडिंग का 10 हजार 300 करोड़ सरकार के किस खाते में जमा हुआ है।
कांग्रेस की जेब में पैसा जमा न करने का हवाला देने वाले सीएम बताएं कि सरकार की किस जेब में यह पैसा आया है। वीरवार को विश्रामगृह ऊना में प्रेस वार्ता में मुकेश ने कहा कि पहले भाजपा ने 59 नेशनल हाईवे के नाम पर जनता को ठगा, जिनकी पूरी तरह से मंजूरी नहीं मिली है।
अब फॉरेन फंडिंग का झूठा राग अलापना शुरू कर दिया है। सरकार ने पिछले वर्ष बजट में तीस योजनाओं की घोषणा की थी, लेकिन सदन में एक भी योजना का रिपोर्ट कार्ड नहीं रख पाई। कहा कि मुख्यमंत्री ने नया शिगूफा छोड़ा है।
सैनिक की शहादत पर मिले 1 करोड़
वे कह रहे हैं कि 9500 करोड़ के प्रोजेक्ट केंद्र से मंजूर हुए हैं, लेकिन हकीकत में कुछ भी नहीं है। सरकार अब कह रही है कि जल्द 85 हजार करोड़ का पूंजी निवेश आ रहा है।
सरकार को मालूम होना चाहिए कि जब से हिमाचल का गठन हुआ है, प्रदेश का कुल पूंजी निवेश 25 हजार करोड़ है। कहा कि 2022 तक प्रदेश को जीएसटी रिफंड मिल रहा है। उसके बाद प्रदेश की स्थिति और खराब हो जाएगी।
मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि किसी भी सैनिक अथवा अर्धसैनिक की ऑन ड्यूटी मृत्यु शहादत की श्रेणी में होनी चाहिए और उसके परिजनों को 1 करोड़ की सम्मान राशि मिलनी चाहिए। परिवार के सदस्य को सरकारी नौकरी व पेंशन का प्रावधान होना चाहिए। गंभीर रूप से घायल सैनिक को 50 लाख सरकार मिलने चाहिए।