सुक्ख्ाु के बारे में विप्लव का चौकाने वाला बयान
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लोकसभा चुनाव में हार की समीक्षा के बाद 34 ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों को भंग करने की बात राज्यसभा सांसद और पूर्व प्रदेशाध्यक्ष विप्लव ठाकुर को रास नहीं आई है। उन्होंने प्रदेशाध्यक्ष सुखविंद्र सुक्खू, मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और उनके मंत्रियों पर निशाना साधा है।
कहा कि मुख्यमंत्री के क्षेत्र में विधानसभा और लोकसभा चुनाव के मतों में 21 हजार का गैप है। यही हाल अन्य मंत्रियों, विधायकों और सरकार-संगठन में दो-दो पदों पर बैठे नेताओं का है। ऐसे में ब्लॉक कमेटियों को भंग करने की प्रदेशाध्यक्ष की यह कार्रवाई मनमानी है।
महत्वपूर्ण ओहदे वालों ने क्या किया
विप्लव ने कहा कि ब्लॉक कमेटी के पास शक्तियां क्या होती हैं? पैसा तक तो उनके पास होता नहीं। उन्हें हार को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है। जो मंत्री या चेयरमैन-वाइस चेयरमैन बनाए गए हैं। महत्वपूर्ण ओहदों पर हैं। उन्होंने क्या किया? ब्लॉक कमेटियों को भंग करने से फायदा क्या है? पार्टी की मजबूती को ऊपर से देखिए।
जिन-जिन के पास दो-दो पद हैं, पूरी पॉवर दी गई है, उनसे शुरू करें। पांच हजार मतों से ज्यादा हार की बात समझ नहीं आई। मुख्यमंत्री की बात करें तो वे विधानसभा में 20 हजार वोट से जीते थे और अब 1700 से हारे हैं। उनका 21 हजार से ज्यादा का गैप है।
विद्या स्टोक्स के क्षेत्र में भी यही हाल हैं। जहां कांग्रेस जीती भी है, जैसे मुकेश अग्निहोत्री जीते हैं, वहां यह देखिए कि वे कितने से जीते हैं। अगर सरकार और पार्टी चलानी है तो मुख्यमंत्री सुनिश्चित करें कि लोगों के भी काम हो। इस बात को क्या हाईकमान के समक्ष भी रखेंगी?