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जिस मंदिर में दलित को प्रवेश नहीं, वहां भगवान नहीं: शांता
ब्यूरो/अमर उजाला, पालमपुर (कांगड़ा)
Updated Sat, 21 May 2016 06:20 PM IST
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नगरोटा बगवां में एक कार्यकम में उपस्थित सांसद शांता कुमार।
- फोटो : अमर उजाला
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प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद शांता कुमार ने उत्तराखंड में सांसद तरुण विजय पर हुए हमले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि सांसद तरुण विजय पर मंदिर में दलित प्रवेश के प्रश्न पर किया गया आक्रमण अत्यंत निंदनीय है। यह पाप भी और अपराध भी है। भारत का प्राचीन हिंदु धर्म हर व्यक्ति में भगवान को देखता है।
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भगवान दलित कैसे हो सकता है। उन्होंने कहा कि जिन मंदिरों में दलितों को प्रवेश नहीं दिया जाता, वहां भगवान हो ही नहीं सकते। शैतान जरूर होता होगा। वे लोग भगवान की नहीं शैतान की पूजा करते हैं। हिंदु धर्म की इसी बड़ी गलती के कारण भारत का विभाजन हुआ। इससे पाकिस्तान और बांग्लादेश बना है।
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हिंदुओं ने कुछ बंधुओं को दलित कह कर दुत्कारा और विदेशी धर्म वालों ने उनको स्वीकार लिया। अपने ही धर्म के करोड़ों लोग मुसलमान और ईसाई बने। स्वामी दयानंद, स्वामी विवेकानंद और महात्मा गांधी ने बहुत समझाया, लेकिन हमारा दुर्भाग्य है कि उन महापुरुषों की बात को नहीं माना। अब हालत यह हो गई है कि भगवान राम के जन्म स्थान अयोध्या में राम मंदिर नहीं बन पा रहा है। भारत के लोगों को भारत माता की जय कहने के लिए आग्रह करना पड़ रहा है।
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इससे बड़ा दुर्भाग्य क्या हो सकता है कि जिस महापाप के कारण भारत की इतनी अधिक हानि हुई। वह कुरीति आज भी जारी रखी जा रही है। उन्होंने सांसद तरुण विजय के स्वस्थ होने की कामना की है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया है कि अब इस कुरीति को सख्ती से समाप्त करने के लिए एक सख्त कानून अति जल्दी बनाया जाए।
चंबा बस हादसे पर शोक जताया
जिला चंबा के चौहड़ा बांध बस दुर्घटना में मारे गए लोगों की मौत पर कहा कि यह बेहद दुखद है। उन्होंने मृतकों के परिवारों को प्रति गहरी संवेदनाएं जताई है। उन्होंने कहा कि दुर्घटनाओं का सबसे बड़ा कारण सड़कों की हालत खराब और बस चालकों की लापरवाही होती है। इन दो समस्याओं का समाधान कर लिया जाए तो 90 प्रतिशत दुर्घटनाएं रोकी जा सकती हैं।