फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   lok sabha election 2019 issue of Central university of himachal

चुनावी मुद्दा: केंद्रीय विवि को नेताओं ने बना दिया सियासी फुटबाल

Sat, 27 Apr 2019 10:31 AM IST
अरविन्द ठाकुर राकेश भारद्वाज, अमर उजाला, धर्मशाला
राकेश भारद्वाज, अमर उजाला, धर्मशाला Published by: अरविन्द ठाकुर Updated Sat, 27 Apr 2019 10:31 AM IST
विज्ञापन
lok sabha election 2019 issue of Central university of himachal
- फोटो : अमर उजाला

हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय को 10 वर्षों में शिलान्यास पत्थर ही नसीब हो पाया है। भवन के नाम पर एक ईंट भी नहीं लग पाई है। 10 साल तक कांग्रेस और भाजपा के नेताओं ने केंद्रीय विवि को राजनीतिक फुटबाल बनाकर रखा। अब फिर लोकसभा चुनाव से पहले वोटरों को लुभाने के लिए एफसीए की मंजूरी और टेंडर के बिना ही शिलान्यास कर दिया गया।

विज्ञापन


2019 में धर्मशाला और देहरा में भूमि नसीब तो हुई, लेकिन काम आगे नहीं बढ़ पाया। धर्मशाला के जदरांगल और देहरा में वन भूमि के लिए अभी तक एफसीए की मंजूरी नहीं मिली है। ऐसे में भवन निर्माण के लिए बिना कोई औपचारिकता पूरी किए बिना ही 21 फरवरी 2019 को केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने धर्मशाला और देहरा में विवि का शिलान्यास कर दिया।
विज्ञापन


पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने 15 अगस्त 2007 को उन सभी राज्यों में एक-एक केंद्रीय विवि बनाने की घोषणा की थी, जहां बड़े संस्थान नहीं हैं। हिमाचल को भी केंद्रीय विवि अनिधियम 2009 पर राष्ट्रपति ने 20 मार्च 2009 को केंद्रीय विवि की स्वीकृति दी। भवन निर्माण को 400 करोड़ की राशि भी आवंटित कर दी। 20 जनवरी, 2010 को केंद्रीय विवि धर्मशाला में पहले उपकुलपति ने कार्यभार संभाला। कक्षाएं शाहपुर में चलीं।
विज्ञापन
विज्ञापन


विवि के धर्मशाला और देहरा परिसर के लिए अब तक कुल 417 हेक्टेयर भूमि चिन्हित की जा चुकी है। इसमें से 303 हेक्टेयर भूमि धर्मशाला के जदरांगल और 114 हेक्टेयर भूमि देहरा में है। जदरांगल में 24 हेक्टेयर भूमि केंद्रीय विश्वविद्यालय के नाम हस्तांतरित की जा चुकी है और देहरा में 34 हेक्टेयर भूमि विश्वविद्यालय के नाम की गई है। देहरा की शेष 84 हेक्टेयर भूमि का वन स्वीकृति का मामला केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय को भेजा गया है।

किराये के भवन में सुविधाओं के अभाव में चल रहा सीयू

lok sabha election 2019 issue of Central university of himachal

अब तक सीयू तीन कैंपस में किराये के भवनों में बिना सुविधा के चल रही है। वर्ष 2010 से शाहपुर में अस्थायी भवन में अध्ययन करवाया जा रहा है। दूसरे, धौलाधार कैंपस को किराये के बीएड कॉलेज और छात्र स्कूल भवन में वर्ष 2016-17 में शुरू किया गया।

ब्यास कैंपस देहरा को भी किराये के भवन में ही चलाया जा रहा है। हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय धर्मशाला में 17 अध्ययन स्कूलों के तहत 90 अध्ययन विभाग और लगभग 50 अध्ययन केंद्र शुरू होंगे।

सभी सीयू के नाम पर राजनीतिक रोटियां सेंक रहे हैं। इससे बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ हो रहा है। सभी राजनीतिक दलों और नेताओं को एकसाथ बैठकर केंद्रीय विवि के बारे में सोचना चाहिए। सीयू में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को कभी शाहपुर, कभी देहरा, तो कभी धर्मशाला शिफ्ट कर दिया जाता है। इससे न केवल बच्चों की पढ़ाई खराब होती है। विद्यार्थियों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर रहने की व्यवस्था करने में भी परेशानी होती है। - अदिति, पूर्व छात्रा केंद्रीय विवि

lok sabha election 2019 issue of Central university of himachal

केंद्रीय विवि का दस साल में मात्र नींव पत्थर रखा जाना छात्रों और प्रदेश के साथ धोखा है। केंद्रीय विवि की स्थापना से न केवल प्रदेश के छात्रों को गुणात्मक शिक्षा का लाभ मिलेगा, वहीं प्रदेश में रोजगार के साधन भी खुलेंगे। केंद्रीय विवि के लिए सभी दलों ने मात्र राजनीति की है। विद्यार्थियों और प्रदेश का दर्द किसी ने नहीं समझा। - चंदन आनंद, केंद्रीय विवि शोधार्थी एवं एबीवीपी कार्यकर्ता

सरकार ने चुनावी फायदे के लिए केंद्रीय विवि का शिलान्यास तो कर दिया है, लेकिन इसको लेकर अभी भी औपचारिकताएं पूरी नहीं हैं। यह प्रदेश का दुर्भाग्य है कि इतने बड़े प्रोजेक्ट को लेकर कोई भी नेता गंभीरता नहीं दिखा रहा है। केंद्रीय विवि की घोषणा के दस साल बाद भी प्रदेश के छात्रों को उच्चतर शिक्षा के लिए बाहरी राज्यों की ओर रुख करना पड़ रहा है, जबकि केंद्रीय विवि बनने से विद्यार्थियों को घर-द्वार उच्चत्तर शिक्षा मिल सकेगी। - पुनीत धीमान, प्रदेश उपाध्यक्ष एनएसयूआई

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed