रामपुर में लवी मेला शुरू, ड्राई फ्रूट हस्तशिल्प उत्पादों का सजा बाजार
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जड़ी-बूटियों, ड्राई फ्रूट और हस्तशिल्प उत्पादों के लिए विख्यात रामपुर का लवी मेला शुरू हो गया है। राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने रविवार को गुब्बारा छोड़कर अंतरराष्ट्रीय स्तर के चार दिवसीय इस मेले का आगाज किया।
मेले के लिए हिमाचल समेत देश के विभिन्न क्षेत्रों से व्यापारी पहुंचे हैं। चार दिवसीय इस मेले की सांस्कृतिक संध्याओं में बॉलीवुड के नामी कलाकार भी रंग जमाएंगे। 14 नवंबर को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर मेले का समापन करेंगे।
इस मौके पर राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा कि लवी मेला व्यापार की दृष्टि से देश-दुनिया में विख्यात है। वर्षों पहले इस मेले में तिब्बत और अफगानिस्तान से भी व्यापारी पहुंचते थे।
उन्होंने लोगों से मेले के ऐतिहासिक महत्त्व को बनाए रखने, किसानों को जैविक खेती अपनाने और प्रदेश को नशा मुक्त बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार नशे को लेकर गंभीर है।
वर्ष 2022 तक पूरे प्रदेश को नशा मुक्त बनाने का संकल्प लिया है। करीब 337 साल से आयोजित किए जा रहे इस मेले की मशहूर किन्नौरी मार्केट इस बार भी सूखे मेवे, खुमानी, अखरोट, सेब, मटर, रत्नजोत, चिलगोजा और काला जीरा जैसे कई उत्पादों से सज गई है।
इसके अलावा ऊनी दोड़ू, पट्टू, कोट पट्टी, किन्नौरी शॉल व टोपियों के रूप में हस्तशिल्प के भी बेजोड़ नमूने देखने को मिल रहे हैं। चामुर्थी घोड़ों के लिए भी यह मेला मशहूर है।