अंतरराष्ट्रीय फिल्म उत्सव- ‘स्कूल बैग’ दिखाएगा आतंकी हमले में मारे गए बच्चे की मां का दर्द
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साल 2014 में पाकिस्तान के पेशावर स्थित आर्मी स्कूल में हुए आतंकी हमले में एक मां के दर्द की दास्तां स्कूल बैग बताएगा। जी हां, आतंकी घटना के बाद एक मां के दर्द की कहानी बताने वाली ‘द स्कूल बैग’ फिल्म का प्रसारण शनिवार को धर्मशाला अंतरराष्ट्रीय फिल्म उत्सव में हो रहा है।
धीरज जिंदल के निर्देशन में बनी यह फिल्म तीन बार ऑस्कर क्वालीफाइंग के लिए भी चयनित हुई है। वहीं अब तक पाकिस्तान के लाहौर सहित 25 देशों के 78 फिल्म फेस्टिवल में फिल्म का प्रसारण किया गया है, जबकि विभिन्न श्रेणी में यह फिल्म 22 अवार्ड भी जीत चुकी है। इतना ही नहीं, यू-ट्यूब पर अपलोड यह फिल्म 13 मिलियन लोगों ने देखी है।
निर्देशक धीरज जिंदल ने बताया कि आयरलैंड, बंगलादेश, कनाडा और पाकिस्तान सहित दो दर्जन देशों में फिल्म का प्रसारण हो चुका है। फिल्म को सभी देशों में खूब सराहना मिली है। उन्होंने बताया कि पेशावर के आर्मी स्कूल में 16 दिसंबर को हुए आतंकी हमले के बाद कई बच्चों के घर उनका सामान ही पहुंचा था। उसी घटना के इर्द-गिर्द फिल्म की कहानी है। पाकिस्तान के पेशावर में आतंकी हमले की इस घटना पर भारत में बनी फिल्म की लाहौर सहित पूरे पाकिस्तान में खूब सराहना हुई है।
बैग ही पहुंचता है घर, बेटा नहीं
फिल्म में पेशावर के आर्मी स्कूल में हुए आतंकी हमले से ठीक एक दिन पहले मां और उसके बच्चे के जीवन के बारे में बताया गया है। इसमें दिखाया गया है कि मां से जिद करके बच्चा नया स्कूल बैग तो हासिल कर लेता है। लेकिन, 16 दिसंबर केे आतंकी हमले के बाद बेटा घर नहीं पहुंचता।
आतंकी हमले में मारे गए बेटे का बैग ही घर पहुंच पाता है। फिल्म में रशिका दुग्गल ने मां की भूमिका अदा की है, जबकि सरताज कक्कड़ फारूख बने हैं। फिल्म कुल 15 मिनट 11 सेकेंड की है।