राशन डिपो में उपभोक्ताओं को मिलेगी ऐसी दालें, मंत्री ने किया एलान
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राशन डिपो में उपभोक्ताओं की ओर से खराब और घटिया गुणवत्ता वाली दालें देने की शिकायतें आती रही हैं। कई बार दालों के सैंपल भी फेल हो चुके है। अब प्रदेश में नइ सरकार बनते ही खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री किशन कपूर ने दालों की गुणवत्ता को लेकर नया एलान किया है।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री किशन कपूर ने कहा है कि हिमाचल प्रदेश में उपभोक्ताओं को राशन डिपो में रियायती दरों पर ऐसी दालें दी जाएंगी, जिनसे लोगों की सेहत खराब न हो। राशन डिपो में कई दालें लोगों की पसंद की न होने के बावजूद उन पर थोपी जाती रही हैं।
इन दालों को शूगर, डायबिटीज, यूरिक एसिड जैसी बीमारियों से संबंधित लोग तो खा ही नहीं पाते। अब तय किया गया है कि लोगों को ऐसी दालें ही उपलब्ध करवाई जाएंगी, जिससे उनका स्वास्थ्य भी ठीक हो। कपूर ने राज्य सचिवालय शिमला में पत्रकारों से अनौपचारिक बात की।
अधिकारियों को दिए ये निर्देश
उन्होंने कहा, लोगों से पूछा जाना चाहिए कि उन्हें किस-किस तरह की दालें पसंद हैं। इसके लिए डिपोवार भी जानकारी ली जा सकती है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि फील्ड में जाकर उचित मूल्यों की दुकानों का नियमित निरीक्षण करें।
आटा, दाल, चावल और अन्य खाद्यान्न के जगह-जगह से सैंपल लेकर तुरंत इनकी रिपोर्टिंग तय करें। उन्होंने कहा कि सैंपलों की रिपोर्ट जल्द प्राप्त की जाए। जरूरी हो तो इसके लिए पड़ोसी राज्यों की प्रयोगशालाओं में जाएं।
भरे गए सैंपलों की लीकेज दुर्भाग्यपूर्ण है और इनकी निगरानी उच्च स्तर पर की जानी चाहिए। इसकी गोपनीयता को बनाए रखना जरूरी है। कपूर ने कहा कि अधिकारियों को अगले 100 दिनों में शत-प्रतिशत राशन कार्डों को आधार से जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। राज्य में खाद्यान्न भंडारणों के निर्माण का मामला केंद्र सरकार को भेजा जाएगा।