{"_id":"ab00f6aca21be4e13c06591855278faa","slug":"hp-govt-going-to-recruit-teachers-on-period-basis","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुरानों को वेतन नहीं, नए टीचर्स रखने की तैयारी ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पुरानों को वेतन नहीं, नए टीचर्स रखने की तैयारी
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
Updated Sun, 27 Jul 2014 12:03 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रदेश के हजारों स्कूलों में पहले से तैनात करीब 4000 एसएमसी शिक्षकों को तीन साल से वेतन नहीं मिल रहा है। अब सरकार हजारों शिक्षक पीरियड आधार पर नियुक्त करने जा रही है।
विज्ञापन
मंत्रिमंडल ने खाली पदों पर पीरियड आधार पर स्कूल मैनेजमेंट कमेटी टीचर रखने का फैसले को मंजूरी दी है। पुराने शिक्षकों को वेतन नहीं दिए जाने के बावजूद नए पदों पर भर्तियों से सरकार की गुणात्मक शिक्षा देेने के ऐलान पर सवाल उठना भी शुरू हो गए हैं।
विज्ञापन
मौजूदा समय में प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय के तहत चल रहे स्कूलों में शिक्षकों के चार हजार से अधिक पद खाली हैं। सुप्रीम कोर्ट ने उमा देवी मामले में फैसला सुना रखा है कि स्थायी पदों पर स्थायी नियक्ति ही की जानी चाहिए। बैकडोर एंट्री नहीं होनी चाहिए।
विज्ञापन
इस समय एसएमसी हार्ड और ट्राइबल एरिया में पीरियड आधार पर टीचर रख रही हैं। अब मंत्रिमंडल ने प्रदेश भर में एसएमसी को पीरियड आधार पर टीचर रखने की अनुमति दी है।
4000 शिक्षकों को वेतन नहीं
वर्ष 2012 से पहले से अब तक एसएमसी द्वारा नियुक्त करीब 4 हजार से अधिक एसएमसी शिक्षकों को करीब चार साल से मानदेय नहीं मिला है। बताया जा रहा है कि एसएमसी के पास मानदेय देने के लिए पर्याप्त राशि नहीं है। केवल हार्ड और ट्राइबल एरिया में तैनात एसएससी शिक्षकों को ही मानदेय दिया जा रहा है।
-यशवंत डोगरा. महासचिव, एसएमसी टीचर एसोशिएशन एचपी (साफ्ट एरिया)