फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   himachal tourism department Spent 36 lakhs on private property in shimla

पर्यटन महकमे ने निजी प्रॉपर्टी के नाम पर फूंक डाले 36 लाख

Fri, 01 Feb 2019 10:17 AM IST
अरविन्द ठाकुर चैतन्य ठाकुर, अमर उजाला, शिमला
चैतन्य ठाकुर, अमर उजाला, शिमला Published by: अरविन्द ठाकुर Updated Fri, 01 Feb 2019 10:17 AM IST
विज्ञापन
himachal tourism department Spent 36 lakhs on private property in shimla

राजधानी के ऐतिहासिक रिज मैदान पर स्थित क्राइस्ट चर्च की मरम्मत के नाम पर बिना सोचे समझे पर्यटन विभाग ने 36 लाख रुपये फूंक डाले। पर्यटन महकमे ने निजी प्रॉपर्टी को सरकारी प्रोजेक्ट में डालकर मरम्मत के नाम पर यह गड़बड़झाला किया।

विज्ञापन


मामला सामने आने के बाद महकमे में हड़कंप मच गया। प्रोजेक्ट को रद्द कर दिया गया। लेकिन जिन अफसरों की लापरवाही से पूरा प्रकरण हुआ, उनसे रिकवरी तो दूर अब तक कोई विभागीय कार्रवाई भी नहीं हुई।
विज्ञापन


मामले को पूरी तरह से दबा दिया गया। मामला संज्ञान में आने के बाद अब मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने पूरी रिपोर्ट मांगी है। जानकारी के अनुसार करीब दो साल पहले शिमला शहर में हैरिटेज जोन में आने वाले क्राइस्ट चर्च की मरम्मत के लिए करीब पांच करोड़ का बजट रखा गया। 

विज्ञापन
विज्ञापन

यहां जानिए पूरा मामला

himachal tourism department Spent 36 lakhs on private property in shimla

पर्यटन महकमा क्राइस्ट चर्च का जीर्णोद्धार एडीबी प्रोजेक्ट के तहत करना चाह रहा था। जबकि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक ऐसे निजी धार्मिक भवनों पर जनता से लिए गए टैक्स का पैसा नहीं लगाया जा सकता।

सबसे पहले महकमे ने डीपीआर बनाने के लिए कंसलटेंट हायर किया और करीब 12 लाख खर्च किए गए। करीब 24 लाख रुपये विज्ञापन पर खर्च कर दिए। इससे पहले कि यह काम किसी कंपनी को दिया जाता, क्राइस्ट चर्च के स्वामित्व को लेकर दो संस्थाओं ने दावा पेश कर दिया।

विवाद बढ़ने पर मामला सरकार के पास पहुंचा और कानून विदों से राय लेने के बाद पता चला कि किसी भी निजी धार्मिक स्थल पर सरकारी पैसा खर्च नहीं किया जा सकता। इतनी बड़ी लापरवाही के लिए कौन जिम्मेदार है, रिपोर्ट आने के बाद सब साफ हो जाएगा। 

मामला ध्यान में आया है। यह कार्य जल्दबाजी में किया गया। वहां लाखों रुपये लगा दिए, जहां यह धनराशि खर्च ही नहीं की जा सकती थी। इस पूरे मामले की रिपोर्ट तलब कर ली गई है। इसके लिए जो जिम्मेदार हैं, रिपोर्ट आने के बाद निश्चित तौर पर कार्रवाई होगी। - जयराम ठाकुर, मुख्यमंत्री 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed