{"_id":"5b2cefb64f1c1bf26e8b96b2","slug":"himachal-govt-targets-congress-over-hrtc-conductor-recruitment","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व सरकार पर फोड़ा कंडक्टर भर्ती में लापरवाही का ठीकरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पूर्व सरकार पर फोड़ा कंडक्टर भर्ती में लापरवाही का ठीकरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Updated Fri, 22 Jun 2018 06:18 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भाजपा सरकार ने कंडक्टर भर्ती मामले में 157 कंडक्टरों को ज्वाइनिंग न दिए जाने का ठीकरा पूर्व कांग्रेस सरकार के सिर फोड़ा है। सरकार का मानना है कि पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान ही कंडक्टरों के लिए आवेदन मांगे गए।
विज्ञापन
उस समय सरकार को यह देखना चाहिए था कि किस अभ्यर्थी के प्रमाण पत्र सही हैं और किसने गलत तरीके से आवेदन किया है। सरकार का तर्क है कि भाजपा सरकार में सिर्फ परिणाम घोषित किया गया।
विज्ञापन
सरकार ने परिणाम घोषित करने के बाद चयनित 1235 कंडक्टरों में से 157 की ज्वाइनिंग रोकी है। निगम प्रबंधन की ओर से इन्हें अवगत कराया जा रहा है कि प्रमाण पत्र सही न होने के कारण यह ज्वाइनिंग रोकी गई है। उधर, चयनित कंडक्टरों का कहना है कि फाइनल लिस्ट निगम प्रबंधन ने निकाली है।
विज्ञापन
अगर दस्तावेज सही नहीं थे। तो फाइनल लिस्ट में कैसे नाम आ गया? परिवहन निगम के प्रधान सचिव जेसी शर्मा ने बताया कि पूर्व में दस्तावेजों को सही तरीके से जांच पड़ताल नहीं हुई। अब छानबीन के दौरान आवेदन में गड़बड़ी पाई गई, जिस कारण ज्वाइंनिग रोकी गई है।
मुख्यमंत्री से मिलेंगे कंडक्टर
इन दिनों यह कंडक्टर सचिवालय के चक्कर काट रहे हैं। यह कंडक्टर मुख्यमंत्री से मिलने का समय मांग रहे हैं। कंडक्टरों का कहना है कि पहले मुख्यमंत्री को वास्तविक स्थिति के बारे में अवगत कराया जाएगा। अगर कंडक्टरों को नहीं सुनी गई तो हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया जाएगा।