हिमाचल के सरकारी स्कूलों में दिव्यांग विद्यार्थियों की फीस माफ
हिमाचल के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले दिव्यांग विद्यार्थियों को अब कोई फीस नहीं देनी होगी। प्रदेश सरकार ने नौंवी से 12वीं कक्षा तक के 40 फीसदी से ज्यादा निशक्तता वाले छात्र-छात्राओं की फीस माफ कर दी है।
इससे प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पढ़ रहे करीब 12 हजार विद्यार्थियों को फायदा होगा। सरकार ने सभी स्कूल प्रभारियों को जमा दो कक्षा तक ऐसे विद्यार्थियों से किसी प्रकार की फीस और फंड न वसूलने के आदेश जारी कर दिए हैं। पहली से आठवीं तक पढ़ाई पहले से ही नि:शुल्क है।
सरकारी स्कूलों में पढ़ रहे इतने दिव्यांग
सरकारी स्कूलों में हर तीन माह बाद विद्यार्थियों से फीस वसूली जाती है। प्रति माह 20 से 35 रुपये तक फीस और फंड के रूप में लिए जाते हैं। सरकार ने हाईकोर्ट के निर्देश के बाद विशेष बच्चों की फीस माफ करने का फैसला लिया है।
शिक्षा निदेशालय के मुताबिक पहली से आठवीं कक्षा तक करीब 9600 और नवीं से जमा दो तक करीब 2700 विशेष बच्चे पढ़ रहे हैं। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा ने बताया है कि सरकार ने विशेष बच्चों से फीस और फंड नहीं लेने का फैसला लिया है। जिला उपनिदेशकों को इससे अवगत करवा दिया है।