Manali Assembly Seat: मनाली में अब तक खाता भी नहीं खोल पाई कांग्रेस, मंत्री चौका लगाने को बेताब
कांग्रेस पर मनाली में खाता खोलने का दबाव है तो प्रतिष्ठा बचाने के लिए भाजपा जीत का चौका लगाने के लिए बेताब है।
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परिसीमन के बाद वर्ष 2012 में विधानसभा सीट बनी मनाली में कांग्रेस और भाजपा दोनों की प्रतिष्ठा दांव पर है। शिक्षा मंत्री गोविंद ठाकुर यहां से लगातार दो बार विधायक बने हैं, जबकि कांग्रेस अभी तक यहां अपना खाता भी नहीं खोल पाई। गोविंद लगातार तीन जीत दर्ज कर चुके हैं। दो बार वह मनाली विधानसभा से चुनाव जीते, जबकि पहली बार वह कुल्लू विधानसभा से विजयी हुए हैं। उस दौरान मनाली भी कुल्लू विधानसभा क्षेत्र में ही आता था। इस बार मनाली हॉट सीट बन गई है। मनाली विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस और भाजपा के बीच कांटे की टक्कर मानी जा रही है। निर्दलीय प्रत्याशी व अन्य दल कांग्रेस और भाजपा के वोट बैंक में सेंधमारी कर रहे हैं।
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इससे कांग्रेस भाजपा के सियासी समीकरण बिगड़ते नजर आ रहे हैं। पिछले कई वर्षों से अलग-अलग राहों पर चलने वाले कांग्रेस के नेता इस बार कसमें खाकर एक मंच पर आए। चुनाव से पूर्व हिड़िंबा मंदिर में पहुंचकर टिकट के सभी तलबगारों ने जल ग्रहण कर कसमें खाई थी कि जिसे भी टिकट मिलेगा सब साथ चलेंगे। कांग्रेस से टिकट भुवनेश्वर गौड़ को मिलने के बाद सभी नेताओं ने अपनी कसम निभाई। सभी ने एकजुट होकर कांग्रेस की जीत के लिए कार्य किया। वहीं, दूसरी ओर भाजपा भी पूरे दमखम के साथ मैदान में उतरी। कांग्रेस पर मनाली में खाता खोलने का दबाव है तो प्रतिष्ठा बचाने के लिए भाजपा जीत का चौका लगाने के लिए बेताब है।
मनाली में पहली बार 2012 में हुए थे चुनाव
वर्ष 2008 में पुर्नसीमांकन के बाद कुल्लू से कटकर मनाली अलग विधानसभा बनाई गई। वर्ष 2007 में कुल्लू विधानसभा से चुनाव लड़कर गोविंद सिंह ठाकुर पहली बार विधायक बने। वर्ष 2012 में पहली बार मनाली विधानसभा क्षेत्र में चुनाव हुआ। भाजपा ने गोविंद सिंह ठाकुर को मनाली से चुनाव मैदान में उतारा तो कांग्रेस प्रत्याशी भुवनेश्वर गौड़ को हराकर वह मनाली विधानसभा के पहले विधायक बने। हालांकि, यह उनकी दूसरी जीत थी।
वर्ष 2017 में हुए चुनाव में भी गोविंद ने जीत की हैट्रिक मनाते हुए दूसरी बार मनाली में भाजपा का परचम लहराया। राजनीतिक जानकारों की मानें तो दोनों ही दलों में कांटे की टक्कर चल रही है, लेकिन भाजपा के बागी महेंद्र ठाकुर, आम आदमी पार्टी के अनुराग प्रार्थी, राष्ट्रीय देवभूमि पार्टी के अमर चंद और बहुजन समाज पार्टी के तारा चंद दोनों ही दलों के वोट बैंक में सेंध लगा रहे हैं। बहरहाल, कांटे की टक्कर में कौन बाजी मारेगा यह चुनाव परिणाम आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
79.48 प्रतिशत हुआ मतदान
इस बार मनाली में बंपर मतदान हुआ है। मनाली में कुल 79.48 फीसदी मतदान रिकार्ड किया गया। कुल 74,690 मतदाताओं में से 59,364 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। इनमें 30,119 पुरुष और 29,245 महिला मतदाता शामिल हैं। मनाली के शिल्हा मतदान केंद्र में सर्वाधिक 94.53 फीसदी मतदान रिकार्ड किया गया, जबकि मनाली-चार मतदान केंद्र में सबसे कम 56.10 प्रतिशत मतदान हुआ।
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