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शिमला: प्रतिभा वीरभद्र सिंह की जीत से फिर हॉलीलॉज का जलवा
Wed, 03 Nov 2021 11:39 AM IST
Krishan Singh
अनिमेष कौशल, अमर उजाला, शिमला
अनिमेष कौशल, अमर उजाला, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Wed, 03 Nov 2021 11:39 AM IST
सार
पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह का निजी आवास फिर हिमाचल कांग्रेस की राजनीति का तारणहार बन गया है। प्रतिभा वीरभद्र सिंह की जीत से कांग्रेस को प्रदेश में संजीवनी मिल गई है। वर्ष 2022 के चुनाव की राह भी आसान हो गई है।
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कांग्रेस प्रत्याशी प्रतिभा सिंह
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
हिमाचल प्रदेश के मंडी संसदीय सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी प्रतिभा वीरभद्र सिंह की जीत ने हॉलीलॉज का जलवा बरकरार रखा है। पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह का निजी आवास फिर हिमाचल कांग्रेस की राजनीति का तारणहार बन गया है। प्रतिभा वीरभद्र सिंह की जीत से कांग्रेस को प्रदेश में संजीवनी मिल गई है। वर्ष 2022 के चुनाव की राह भी आसान हो गई है। मंडी संसदीय सीट की जीत से विक्रमादित्य सिंह भी बड़े नेता के तौर पर उभरे हैं। अस्तित्व की जंग लड़ रहे वीरभद्र गुट के सिपहसलारों के चेहरे भी खिल उठे हैं।
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प्रतिभा और भवानी पठानिया को जिताकर मतदाताओं ने हिमाचल से परिवारवाद का मुद्दा भी गौण कर दिया है। प्रतिभा का प्रदेश की राजनीति में सियासी कद बढ़ गया है। 2022 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की राजनीति का हॉलीलॉज फिर धुरी बनने का मार्ग भी प्रशस्त हो गया है। उधर, अर्की की जीत का श्रेय भी वीरभद्र सिंह को जाता है। वीरभद्र सिंह के लिए सीट छोड़ने वाले संजय अवस्थी की जीत सुनिश्चित करने को वीरभद्र गुट ने पूरा जोर लगाया। वर्ष 2022 में होने वाले विधानसभा चुनावों में हॉलीलॉज की भूमिका अहम रहेगी। वीरभद्र गुट की संगठन में भी भागीदारी बढ़ेगी।
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राठौर की संगठनात्मक पकड़ सेे बदली तस्वीर
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर की संगठनात्मक पकड़ से कांग्रेस की तस्वीर बदली है। राठौर ने सभी नेताओं को एकजुट कर उपचुनाव लड़ा। आपसी मनमुटाव को दूर करने के लिए बड़ेे नेताओं के साथ सामंजस्य बनाया। निष्क्रिय हुए पदाधिकारियों को बाहर का रास्ता भी दिखाया। पार्टी के प्रति निष्ठावान और युवा कार्यकर्ताओं को संगठन में शामिल कर सभी को अधिमान दिया।
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चार माह डटे रहे संजय दत्त की मेहनत रंग लाई
कांग्रेस के प्रदेश सहप्रभारी संजय दत्त हिमाचल में चार माह तक डटे रहे। जुलाई से सितंबर तक संजय दत्त ने प्रदेश का पांच बार दौरा किया। अक्तूबर में पूरा महीना संजय दत्त ने उपचुनाव वाले बीस विधानसभा क्षेत्रों में जाकर संगठन को चुस्त-दुरुस्त किया। पार्टी प्रभारी राजीव शुक्ला के निर्देशों का सख्ती से पालन करवाना सुनिश्चित किया। संजय दत्त ने कहा है कि कांग्रेस की इस जीत से राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी की लड़ाई और मजबूत हुई है।
सुक्खू, राजेंद्र राणा, हर्ष महाजन की अहम रही भूमिका
अर्की विधानसभा सीट से कांग्रेस प्रत्याशी संजय अवस्थी की जीत में कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू और पूर्व मंत्री हर्ष महाजन की भूमिका अहम रही। फतेहपुर सीट पर कांग्रेस विधायक राजेंद्र राणा की रणनीति काम आई। नेता विपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने जुब्बल कोटखाई और मंडी संसदीय सीट में कई जनसभाएं कीं। इसके अलावा पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा, रामलाल ठाकुर, आशा कुमारी, कौल सिंह ठाकुर का भी सकारात्मक योगदान रहा।