बागियों के साथ प्रचार में डटे कांग्रेस नेताओं पर गिरेगी गाज, पाटी रखेगी पैनी नजर
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बागियों के साथ प्रचार में डटे कांग्रेस नेताओं पर गाज गिर सकती है। पार्टी पदाधिकारी ऐसे नेताओं पर नजर बनाए हुए हैं, जो विधानसभा चुनाव में कांग्रेस से बागी हुए नेताओं के प्रचार में लगे हैं। पार्टी हाईकमान ने भी ऐसे नेताओं पर पैनी नजर रखने के आदेश दिए हैं।
इसके चलते सबूत के तौर पर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी बागियों के प्रचार में डटे नेताओं का वीडियो भी बना रही है। हालांकि, कांग्रेस कमेटी के पास इस संबंध में लिखित शिकायत नहीं आई है, लेकिन फोन पर इस बारे में सूचित किया जा रहा है।
पार्टी ने आधा दर्जन बागी नेताओं को बाहर का रास्ता दिखाया है। इन्हें पार्टी से टिकट नहीं मिला है। ऐसे में ये निर्दलीय चुनाव मैदान में उतरे हैं। कहीं न कहीं ये बागी नेता पार्टी उम्मीदवार को भी नुकसान पहुंचाने की कोशिश में लगे हैं। हाईकमान यह पहले ही कह चुका है कि पार्टी ने सोच-समझकर ही अपने प्रत्याशी चुनाव मैदान में उतारे हैं।
पहले भी 43 लोगों को दिखाया गया बाहर का रास्ता
वर्ष 2012 विधानसभा चुनाव में भी कांग्रेस ने 43 लोगों को बाहर का रास्ता दिखाया था। इनमें कई लोगों ने कांग्रेस प्रत्याशियों के खिलाफ चुनाव लड़ा था, जबकि कई ऐसे थे जिन्होंने इन बागी प्रत्याशियों का प्रचार किया था। इनमें से करीब एक दर्जन लोग ही पार्टी में शामिल हुए हैं।
कांग्रेस से बागी होकर चुनाव मैदान में उतरे प्रत्याशियों के साथ देने वाले कांग्रेस नेताओं की लिखित में शिकायत नहीं आई है। उन्होंने कांग्रेस नेताओं से भी अपील की है कि वे कांग्रेस उम्मीदवार का ही प्रचार करें। ब्लॉक से शिकायत आने पर पार्टी कार्रवाई करेगी। - नरेश चौहान, महासचिव, कांग्रेस पार्टी