तकनीकी सहायकों, रोजगार सेवकों को तोहफा
हिमाचल प्रदेश में पंचायत स्तर पर तैनात तकनीकी सहायकों और रोजगार सेवकों को फिक्स वेतन मिलेगा। इन्हें अब काम के आधार पर कमीशन नहीं मिलेगी। हालांकि अब भी इन्हें कमीशन के अलावा न्यूनतम वेतन मिलता है, लेकिन सरकार इस व्यवस्था को बदलने जा रही है।
दोनों श्रेणियों के कर्मचारियों को अब फिक्स वेतन ही दिया जाएगा। यह कितना होगा, अभी तय नहीं है। इन कर्मचारियों की मांग पर प्रदेश सरकार ने ये फैसला लिया है।
सरकार के फैसले के बाद ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग ने इसका प्रस्ताव तैयार कर लिया है। इसे मंजूरी के लिए वित्त महकमे को भेजा गया है।
1435 तकनीकी सहायकों को मिलेगा फायदा
हिमाचल में लगभग 1435 तकनीकी सहायक और ग्राम रोजगार सेवक कार्यरत हैं, जिन्हें काम के आधार पर कमीशन मिल रही है। इनमें 354 तकनीकी सहायक और 1081 रोजगार सेवक हैं।
तकनीकी सहायकों को 5 हजार न्यूनतम वेतन के अतिरिक्त काम के आधार पर एक से दो फीसदी कमीशन मिलता है। ये पंचायत कार्यों में तकनीकी सहायता उपलब्ध करवाते हैं।
इसके अलावा ग्राम रोजगार सेवकों को काम के आधार पर केवल डेढ़ फीसदी कमीशन मिलता है। ये मनरेगा में जॉब कार्ड बनाने समेत विभिन्न कार्यों में पंचायतों के साथ समन्वय बनाते हैं।
पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास मंत्री अनिल शर्मा ने बताया कि तकनीकी सहायकों और ग्राम रोजगार सेवकों को फिक्स वेतन दिया जाएगा। कमीशन सिस्टम खत्म होगा।