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किसान-बागवान संगठनों ने शहर में किया प्रदर्शन
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Farmer aggitation in shimla
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शेरे पंजाब से सीटीओ चौक तक निकाली रैली, सरकार से खिलाफ की नारेबाजी
क्रॉसर
सरकार पर पूंजीपतियों से सांठगांठ का आरोप
सेब, सब्जी के लिए मांगा न्यूनतम समर्थन मूल्य
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। संयुक्त किसान मंच के आह्वान पर सोमवार को किसान-बागवान संगठनों ने शिमला में शेरे पंजाब से सीटीओ चौक तक रोष रैली निकाली। डीसी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया।
किसान संगठनों ने प्रदेश सरकार पर पूंजीपतियों से सांठगांठ कर किसान-बागवानों को लूटने का आरोप लगाया। साथ ही सेब और सब्जियों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य लागू करने की मांग उठाई। बारिश के बीच दोपहर बारह बजे किसान संगठनों के सदस्य शेरे पंजाब के पास इकट्ठा होना शुरू हुए। सवा बारह बजे शेरे पंजाब से लोअर बाजार होते हुए और डीसी कार्यालय तक रोष रैली निकाली।
किसान संगठनों के नेताओं और सदस्यों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। पौने घंटे तक किसानों ने लुटेरी सरकार पर हल्ला बोल, आढ़ती, लदानियों की दलाल सरकार मुर्दाबाद, किसान विरोधी सरकार हाय-हाय नारे लगाए। इसके बाद डीसी के माध्यम से मुख्यमंत्री को मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया।
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किसान सभा के महासचिव डॉ. ओंकार शाद ने कहा कि प्रदेश सरकार पूंजीपतियों के साथ सांठ गांठ कर किसानों को लूट रही है। एपीएमसी किसानों के हक बचाने में फेल साबित हुई है। सरकार की किसान-बागवान विरोधी नीतियों की वजह से प्रदेश की 5 हजार करोड़ की सेब की आर्थिक स्थिति को ग्रहण लग गया है। सरकार की नीतियों की मार सबसे ज्यादा छोटे बागवानों पर पड़ रही है। किसान सभा के राज्याध्यक्ष डॉ. कुलदीप सिंह तंवर ने कहा कि किसानों-बागवानों को समर्थन मूल्य देने में भाजपा सरकार भेदभाव कर रही है। जम्मू-कश्मीर में दो सालों से 60 रुपये, 44 रुपये और 24 रुपये के हिसाब से मंडी मध्यस्थता योजना के तहत सेब की सरकारी खरीद हो रही है जबकि हिमाचल में सरकार साढ़े नौ रुपये में सिर्फ सी ग्रेड सेब खरीद रही है।
सब्जी उत्पादकों को भी नुकसान झेलना पड़ रहा है। टमाटर, गोभी, शिमला मिर्च, बीन के रेट कई बार इतने कम मिलते हैं कि मंडी पहुंचाने का खर्च भी नहीं निकलता। संयुक्त किसान मोर्चा कोर ग्रुप सदस्य सत्यवान पुंडीर, जय किसान आंदोलन के सचिव चमन राकेश आज्टा ने भी प्रदर्शन को संबोधित किया। प्रदर्शन में हिमाचल किसान सभा के राज्य कोषाध्यक्ष सत्यवान पुंडीर, गोविंद चतरांटा, कृष्णानंद, जयशिव ठाकुर, सुरेश, डॉ. रीना सिंह, सीमा चौहान, हिमी देवी, अनिल ठाकुर, गुलाब सिंह नेगी, अनिल पंवर, जगमोहन ठाकुर, सुनील वशिष्ठ, डॉ. विजय कौशल, पवन शर्मा और बलबीर सिंह सहित किसानों ने भाग लिया।
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सरकार पर पूंजीपतियों से सांठगांठ का आरोप
सेब, सब्जी के लिए मांगा न्यूनतम समर्थन मूल्य
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। संयुक्त किसान मंच के आह्वान पर सोमवार को किसान-बागवान संगठनों ने शिमला में शेरे पंजाब से सीटीओ चौक तक रोष रैली निकाली। डीसी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया।
किसान संगठनों ने प्रदेश सरकार पर पूंजीपतियों से सांठगांठ कर किसान-बागवानों को लूटने का आरोप लगाया। साथ ही सेब और सब्जियों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य लागू करने की मांग उठाई। बारिश के बीच दोपहर बारह बजे किसान संगठनों के सदस्य शेरे पंजाब के पास इकट्ठा होना शुरू हुए। सवा बारह बजे शेरे पंजाब से लोअर बाजार होते हुए और डीसी कार्यालय तक रोष रैली निकाली।
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किसान संगठनों के नेताओं और सदस्यों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। पौने घंटे तक किसानों ने लुटेरी सरकार पर हल्ला बोल, आढ़ती, लदानियों की दलाल सरकार मुर्दाबाद, किसान विरोधी सरकार हाय-हाय नारे लगाए। इसके बाद डीसी के माध्यम से मुख्यमंत्री को मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया।
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किसान सभा के महासचिव डॉ. ओंकार शाद ने कहा कि प्रदेश सरकार पूंजीपतियों के साथ सांठ गांठ कर किसानों को लूट रही है। एपीएमसी किसानों के हक बचाने में फेल साबित हुई है। सरकार की किसान-बागवान विरोधी नीतियों की वजह से प्रदेश की 5 हजार करोड़ की सेब की आर्थिक स्थिति को ग्रहण लग गया है। सरकार की नीतियों की मार सबसे ज्यादा छोटे बागवानों पर पड़ रही है। किसान सभा के राज्याध्यक्ष डॉ. कुलदीप सिंह तंवर ने कहा कि किसानों-बागवानों को समर्थन मूल्य देने में भाजपा सरकार भेदभाव कर रही है। जम्मू-कश्मीर में दो सालों से 60 रुपये, 44 रुपये और 24 रुपये के हिसाब से मंडी मध्यस्थता योजना के तहत सेब की सरकारी खरीद हो रही है जबकि हिमाचल में सरकार साढ़े नौ रुपये में सिर्फ सी ग्रेड सेब खरीद रही है।
सब्जी उत्पादकों को भी नुकसान झेलना पड़ रहा है। टमाटर, गोभी, शिमला मिर्च, बीन के रेट कई बार इतने कम मिलते हैं कि मंडी पहुंचाने का खर्च भी नहीं निकलता। संयुक्त किसान मोर्चा कोर ग्रुप सदस्य सत्यवान पुंडीर, जय किसान आंदोलन के सचिव चमन राकेश आज्टा ने भी प्रदर्शन को संबोधित किया। प्रदर्शन में हिमाचल किसान सभा के राज्य कोषाध्यक्ष सत्यवान पुंडीर, गोविंद चतरांटा, कृष्णानंद, जयशिव ठाकुर, सुरेश, डॉ. रीना सिंह, सीमा चौहान, हिमी देवी, अनिल ठाकुर, गुलाब सिंह नेगी, अनिल पंवर, जगमोहन ठाकुर, सुनील वशिष्ठ, डॉ. विजय कौशल, पवन शर्मा और बलबीर सिंह सहित किसानों ने भाग लिया।