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आउटसोर्स भर्ती के विरोध पर मिला जांच का आश्वासन
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आउटसोर्स भर्ती के विरोध पर मिला जांच का आश्वासन
विवि के कर्मचारी संघ कर रहे हैं विरोध
संघ का आरोप, आउटसोर्स पर रखे जा रहे हैं चहेते
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। हिमाचल प्रदेश विवि में हाल ही में आउटसोर्स आधार पर हुई भर्ती का विवि कर्मचारी संघों की सांझा संयुक्त समन्वय समिति (जेसीसी) ने विरोध किया है। इस तरह की भर्ती पर पूरी तरह से रोक लगाने और जांच की मांग को लेकर समिति के पदाधिकारियों ने बुधवार को कार्यवाहक कुलपति प्रो. एसपी बंसल से मुलाकात की।
कुलपति ने कहा कि वह इस मामले की कुलसचिव से जांच करवाएंगे। जेसीसी में शामिल कर्मचारी नेता राजेश ठाकुर, नरेश कुमार शर्मा और तेज राम शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों ने नियमों की अनदेखी कर आउटसोर्स पर रखे लोगाें को बाहर करने की मांग की। राजेश ठाकुर ने कहा कि विवि में अभी तक तीन सौ से अधिक कर्मियों को आउट सोर्स आधार पर रखा जा चुका है। विवि ने गैर शिक्षकों की विभिन्न श्रेणी के सैकड़ों पदों को पहले ही विज्ञापित कर रखा है। इसके लिए युवाओं ने छह सौ से बारह सौ रुपये आवेदन फीस दे रखी है। इस भर्ती प्रक्रिया को पूरा करने के बजाय विवि आउटसोर्स आधार पर भर्ती किए जा रहा है। शाखा प्रभारियों को जबरन स्टाफ की आवश्यकता देने को दबाव बनाया जा रहा है ताकि चहेतों को आउटसोर्र्स आधार पर भर्ती किया जा सके।
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विवि के कर्मचारी संघ कर रहे हैं विरोध
संघ का आरोप, आउटसोर्स पर रखे जा रहे हैं चहेते
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। हिमाचल प्रदेश विवि में हाल ही में आउटसोर्स आधार पर हुई भर्ती का विवि कर्मचारी संघों की सांझा संयुक्त समन्वय समिति (जेसीसी) ने विरोध किया है। इस तरह की भर्ती पर पूरी तरह से रोक लगाने और जांच की मांग को लेकर समिति के पदाधिकारियों ने बुधवार को कार्यवाहक कुलपति प्रो. एसपी बंसल से मुलाकात की।
कुलपति ने कहा कि वह इस मामले की कुलसचिव से जांच करवाएंगे। जेसीसी में शामिल कर्मचारी नेता राजेश ठाकुर, नरेश कुमार शर्मा और तेज राम शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों ने नियमों की अनदेखी कर आउटसोर्स पर रखे लोगाें को बाहर करने की मांग की। राजेश ठाकुर ने कहा कि विवि में अभी तक तीन सौ से अधिक कर्मियों को आउट सोर्स आधार पर रखा जा चुका है। विवि ने गैर शिक्षकों की विभिन्न श्रेणी के सैकड़ों पदों को पहले ही विज्ञापित कर रखा है। इसके लिए युवाओं ने छह सौ से बारह सौ रुपये आवेदन फीस दे रखी है। इस भर्ती प्रक्रिया को पूरा करने के बजाय विवि आउटसोर्स आधार पर भर्ती किए जा रहा है। शाखा प्रभारियों को जबरन स्टाफ की आवश्यकता देने को दबाव बनाया जा रहा है ताकि चहेतों को आउटसोर्र्स आधार पर भर्ती किया जा सके।
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