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डॉक्टरों को चेतावनी, सरकार की अधिसूचित दवाएं ही लिखनी पड़ेंगी
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
Updated Thu, 26 May 2016 12:00 AM IST
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कौल सिंह ने सभी चिकित्सकों को सरकार की अधिसूचित दवाइयां ही मरीजों को लिखने के निर्देश दिए हैं।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री कौल सिंह ने सभी चिकित्सकों को सरकार की अधिसूचित दवाइयां ही मरीजों को लिखने के निर्देश दिए हैं। कहा कि इसका उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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बुधवार को विभाग के सभी राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए कौल सिंह ने कहा कि सरकार राज्य में प्रत्येक व्यक्ति को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने को वचनबद्ध है। सरकार ने 66 दवाएं तथा उपयोगी सामग्री को अधिसूचित किया है।
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ये सभी स्वास्थ्य संस्थानों में निशुल्क उपलब्ध करवाई जा रही हैं। कौल सिंह ने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य क्षेत्र के सभी सूचकांक राष्ट्रीय स्तर के मुकाबले बेहतर है। इनमें और सुधार लाने पर ध्यान दिया जाना चाहिए।
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उन्होंने सभी कार्यक्रमों का कार्यान्वयन आपसी तालमेल तथा सहयोग से और प्रभावी बनाने पर भी बल दिया। मंत्री ने सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को आशा कार्यकर्ताओं की प्रोत्साहन राशि समय पर जारी करने के निर्देश दिए।
कहा कि सरकार ने हाल ही में 104 टोल फ्री नंबर आरंभ किया है, जो लोगों की शिकायतों के निवारण के साथ-साथ परामर्श सुविधा भी उपलब्ध करवा रहा है। सरकार ने इस टोल फ्री नंबर 104 पर आशा कार्यकर्ताओं की ओर से मातृ एवं शिशु मृत्यु सूचना प्रणाली आरंभ की है, जिसके लिए उन्हें प्रोत्साहन राशि दी जा रही है।
अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य विनीत चौधरी ने सभी राष्ट्रीय कार्यक्रमों तथा सरकारी योजनाओं का बेहतर कार्यान्वयन सुनिश्चित करने पर बल दिया। उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए।