नाबालिग से दुराचार के दोषी को दस साल कठोर कारावास, इतना जुर्माना भी लगाया
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जुर्माना राशि न देने पर आरोपी को एक साल के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई गई है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश पदम सिंह ठाकुर ने दोषी जसपाल निवासी सरकाघाट जिला मंडी को भादंसं की धारा 363 के तहत तीन साल के कठोर कारावास और पांच हजार जुर्माना किया है।
वहीं भादंसं की धारा 366 के तहत दस साल के कठोर कारावास पांच हजार जुर्माना, भादंसं की धारा 506 के तहत तीन साल के कठोर कारावास पांच हजार जुर्माना और जुर्माना अदा न करने पर छह माह के अतिरिक्त कारावास और पोक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत दस साल के कठोर कारावास और दस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
यहां जानिए क्या है पूरा मामला
जुर्माना अदा न करने पर धारा 363, 506 और 366 में छह-छह माह और पोक्सो एक्ट में एक साल के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई है। जिला न्यायवादी चंद्रशेखर भाटिया ने बताया कि 28 जुलाई 2017 को पीड़ित लड़की के पिता ने पुलिस थाना भोरंज में शिकायत दर्ज करवाई थी कि उसकी
नाबालिग लड़की को जसपाल उर्फ जसू निवासी सरकाघाट भगा कर ले गया। इस पर पुलिस थाना भोरंज में मामला दर्ज हुआ। मुकद्दमे की तफ्तीश एएसआई ज्ञान चंद ने की और नाबालिग लड़की को दोषी के घर से बरामद किया।
पीड़िता का मेडिकल करवाया गया, जिसमें दुराचार होने की पुष्टि हुई। सरकार की ओर से इस अभियोग में 15 गवाह पेश किए गए। शुक्रवार को दोषी के खिलाफ जुर्म साबित होने पर अदालत ने उसे सजा सुनाई है।