इंटर्नशिप कर रहे रेजिडेंट डॉक्टर से रैगिंग, रॉड से पीटा
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हिमाचल के सबसे बड़े इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) में इंटर्नशिप कर रहे एक प्रशिक्षु ने जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर पर रैगिंग और मारपीट के आरोप लगाए हैं।
प्रशिक्षु डॉक्टर की शिकायत पर सदर थाना पुलिस ने एंटी रैगिंग एक्ट के तहत मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। उधर, आरोपी जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर ने भी मारपीट का आरोप लगाते हुए क्रॉस एफआईआर दर्ज करवाई है।
पुलिस को दी शिकायत में इंटर्न छात्र अक्षय मोदगिल ने बताया है कि वह हॉस्टल में रहकर आईजीएमसी से इंटर्नशिप कर रहा है और पिछले पंद्रह दिन से सर्जरी विभाग में तैनात है।
15 मार्च को दोपहर 1:15 बजे जब वह डॉक्टर ड्यूटी रूम में आराम करने गया तो इसी बीच जूनियर रेजिडेंट डॉ. मुकेश आया और उसे किक मार दी। इसके बाद कॉल करके उसे दोबारा ड्यूटी रूम में बुलाया और उसके साथ फिर मारपीट की।
इसके बाद भी डॉ. मुकेश चड्डा, डॉ. अभिनव राणा, डॉ. अंकित पंवार और 10-12 स्टूडेंट्स ने हॉस्टल में आकर उसको रॉड से पीटा। इसके चलते उसे कई चोटें आई हैं।
उधर, जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर मुकेश ने आरोप लगाया कि जब वह जनरल सर्जरी विभाग में ड्यूटी दे रहा था तो इंटर्न कर रहे छात्र अक्षय मोदगिल ने उससे दुर्व्यवहार किया और इलेक्ट्रिकल कैटल से उससे मारपीट की, जिससे उसे चोटें आई हैं।
मुकेश ने यह भी आरोप लगाया कि शाम पौने सात बजे अक्षय दो अन्य लोगों के साथ जब अस्पताल आया तो उसके साथ फिर मारपीट की गई।
उधर, आईजीएमसी के प्रिंसिपल प्रोफेसर अशोक शर्मा ने बताया कि दोनों की शिकायत उन्हें मिली है। कमेटी का गठन कर अपने स्तर पर भी आरोपों की जांच कराई जाएगी।