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पीएनबी के 9.84 करोड़ रुपये डकार गया टायर फैक्टरी प्रबंधन
Wed, 03 Apr 2019 09:43 PM IST
Krishan Singh
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ऊना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ऊना
Published by: Krishan Singh
Updated Wed, 03 Apr 2019 09:43 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
औद्योगिक क्षेत्र टाहलीवाल स्थित एक टायर फैक्टरी प्रबंधन की ओर से बैंक का करोड़ों रुपये का लोन हड़पने का मामला सामने आया है। हरोली पुलिस ने पीएनबी शाखा टाहलीवाल मैनेजर की शिकायत पर दो लोगों पर धारा 420 के तहत मामला दर्ज किया है।
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बताया जा रहा है कि फैक्टरी के मालिक ने पंजाब नेशनल बैंक की टाहलीवाल ब्रांच से 9 करोड़ 84 लाख रुपये का लोन लिया था, जिसकी किस्त उद्योग के मालिक ने नहीं दी।
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पुलिस को दी शिकायत में टाहलीवाल पंजाब नेशनल बैंक के सीनियर मैनेजर सोम लाल ने बताया कि वर्ष 2011 में बाथड़ी साइकल टायर प्लांट लगाने के लिए पांच करोड़ रुपये और एक करोड़ की सीसीएसी के लिए कुल छह करोड़ रुपये का लोन अशोक कुमार सहित दो लोगों के नाम पर लिया।
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लोन की गारंटी एक दिल्ली की कंपनी ने दी। बाथड़ी में टायर प्लांट शुरू होने के बाद लिमिट के हिसाब से कंपनी लोन का पैसा बैंक में जमा करवाती रही। वहीं, जरूरत पड़ने पर बैंक से पैसा भी निकालती रही।
शिकायतकर्ता ने बताया कि उक्त कंपनी की ओर से दस अप्रैल 2014 के बाद कोई भी पैसा वापस नहीं किया। लोन की अदायगी न होने पर बैंक ने जब जांच की, तो पाया उद्योग में कामकाज ठप हो गया है।
बैंक ने उद्योग मालिक से लोन के बारे में हिसाब मांगा, तो उद्योग प्रबंधन ने अपने पास 50 से 60 लाख रुपये का स्टॉक होने का हवाला देकर पल्ला झाड़ लिया। इसके बाद कार्रवाई के तौर पर उद्योग कब्जे में लेकर बैंक ने उद्योग की मशीनरी 1.09 करोड़ में नीलाम कर दी।
अब बैंक ने उद्योग से ब्याज सहित लगभग 9.84 करोड़ रुपये की वसूली करनी है। डीएसपी हरोली धनराज ने बताया कि पुलिस ने धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच के लिए आरोपियों को थाना तलब किया जाएगा।
शिकायतकर्ता ने बताया कि उक्त कंपनी की ओर से दस अप्रैल 2014 के बाद कोई भी पैसा वापस नहीं किया। लोन की अदायगी न होने पर बैंक ने जब जांच की, तो पाया उद्योग में कामकाज ठप हो गया है।
बैंक ने उद्योग मालिक से लोन के बारे में हिसाब मांगा, तो उद्योग प्रबंधन ने अपने पास 50 से 60 लाख रुपये का स्टॉक होने का हवाला देकर पल्ला झाड़ लिया। इसके बाद कार्रवाई के तौर पर उद्योग कब्जे में लेकर बैंक ने उद्योग की मशीनरी 1.09 करोड़ में नीलाम कर दी।
अब बैंक ने उद्योग से ब्याज सहित लगभग 9.84 करोड़ रुपये की वसूली करनी है। डीएसपी हरोली धनराज ने बताया कि पुलिस ने धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच के लिए आरोपियों को थाना तलब किया जाएगा।