नौकरी पाने के लिए इस शख्स ने ये क्या कर डाला?
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वन विभाग के एक कर्मचारी ने जाली दस्तावेज से नौकरी हासिल कर ली। बाद में प्रमोशन भी हुई और रिटायरमेंट भी ले ली। विभाग के ही एक अफसर की शिकायत पर जब जांच हुई तो इसका खुलासा हुआ।
सुंदरनगर थाना में धोखाधड़ी तथा जाली दस्तावेज लगाकर सरकारी नौकरी हासिल करने की शिकायत फॉरेस्ट यूनिट शमशी में तैनात असिस्टेंट मैनेजर मेघ सिंह की ओर से दर्ज करवाई गई है।
इसमें फॉरेस्ट कॉरपोरेशन लिमिटेड में तैनात प्रकाश चंद पुत्र मनी राम निवासी छजयार (सरकाघाट) पर जाली प्रमाण पत्र (एसटी) लगाकर नौकरी हासिल करने का आरोप है।
जांच में हुआ खुलासा
कर्मचारी की ओर से जाली दस्तावेज लगाकर न सिर्फ नौकरी हासिल की गई बल्कि फॉरेस्ट गार्ड पद पर प्रमोट भी हुआ। इसका खुलासा उपमंडलाधिकारी सरकाघाट की ओर से की गई जांच में हुआ है।
प्रकाश चंद वर्ष 1983 में टिंबर वाचर लगा था। आठ साल पूरा करने के बाद एसटी कोटे से रेगुलर हुआ। इसके बाद वन रक्षक के पद पर प्रमोट भी हुआ। विभाग को उसके खिलाफ जाली दस्तावेज पेश करने की शिकायत मिली थी।
जिस पर फॉरेस्ट विभाग के डीएम कुल्लू ने इस बाबत जांच के निर्देश जारी किए थे। उपायुक्त मंडी के आदेश पर एसडीएम सरकाघाट की जांच में कर्मचारी की ओर से एसटी कोटे का जाली दस्तावेज पेश करने का खुलासा हुआ। कर्मचारी एसटी श्रेणी से नहीं है।