..जब स्कूल के रजिस्टर से इसलिए काट दिया था धवन का नाम
टीम इंडिया में चयनित ऑल राउंडर ऋषि धवन ने क्रिकेट के जुनून में पढ़ाई तक छोड़ दी थी। आठवीं कक्षा में क्रिकेट के कारण दो-ढाई महीने तक स्कूल न जाने पर ऋषि का नाम भी रजिस्टर से काट दिया गया था। स्कूल में पढ़ाई से ज्यादा ऋषि का फोकस क्रिकेट में रहता था। उनका अधिकतर समय पड्डल मैदान व्यतीत होता था।
मां शैली धवन बेटे ऋषि की पढ़ाई को लेकर चिंतित रहती थीं। स्कूल से छुट्टी होने के बाद ऋषि ग्राउंड में दोस्तों के साथ मैच खेलते ही नजर आता था। पढ़ाई के लिए चिंतित अभिभावकों ने ऋषि से प्राइवेट पेपर दिलवाए। प्राइवेट पढ़ाई के साथ निरंतर अभ्यास से ऋषि हिमाचल रणजी स्टॉर बन गए।
डांट के बावजूद पड्डल मैदान में अभ्यास के लिए चला जाता था ऋषि
क्रिकेटर युवराज का रिकॉड तोड़ चर्चा में आए ऋषि धवन आईपीएल में तीन करोड़ रुपये में नीलाम हुए और अब उनका चयन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वन डे मैच के लिए भारतीय टीम से हुआ है। इधर, ऋषि की मां शैली धवन ने बताया कि हर वक्त क्रिकेट खेलने को लेकर डांट के बावजूद ऋषि पड्डल अभ्यास के लिए पहुंच जाता था।
ऋषि की कड़ी मेहनत तथा लग्न से उसने सबका सपना साकार कर दिखाया है। ऋषि धवन ने कहा कि भारत की टीम का हिस्सा बनकर बेहद अच्छा लग रहा है। भारतीय टीम में अपने चयन को सही ठहराने के लिए पूरी कोशिश करूंगा। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट कठिन परीक्षा है। मैं अब बेहतर तरीके से तैयार हूं।