सीएम ने संगठन पर फिर उठाया सवाल, बोले- अब जिसकी लाठी, उसकी भैंस
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मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कांग्रेस संगठन की कार्यप्रणाली पर एक बार फिर सवाल उठाए हैं। शिमला ग्रामीण की 24 पंचायतों के महिला मंडलों के लिए सम्मेलन में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि कांग्रेस में अब जिसकी लाठी उसकी भैंस जैसी स्थिति है।
उन्होंने कहा कि अब कांग्रेस का माहौल बदल चुका है। पहले काबिलियत और जमीनी स्तर पर पकड़ रखने वालों को संगठन में पद दिए जाते थे। उन्होंने कहा कि तालाब चाहे जितना ही बड़ा क्यों न हो, अगर उसमें पानी आने-जाने की व्यवस्था न हो तो गंदा हो जाता है। संगठन में भी ऐसा ही है।
सीएम ने कहा कि मैं पांच बार पीसीसी का अध्यक्ष रहा हूं। उन्होंने कहा कि पहले संगठन में सदस्य बनने, ब्लॉक और जिला से लेकर प्रदेश कार्यकारिणी के चुनाव होते थे। हाईकमान और कांग्रेस वर्किंग कमेटी भी चुनाव से बनती थी, लेकिन ये तब की बात है।
अब तो जिसकी लाठी उसकी भैंस जैस स्थिति है। वीरभद्र सिंह ने कहा कि मैं सिर्फ कांग्रेस की बात नहीं कर रहा हूं, हर पार्टी की यही स्थिति है। उन्होंने कहा कि हमें प्रजातांत्रिक तरीके से चलना चाहिए। पार्टियों के अंदर भी हमेशा नई भर्ती होनी चाहिए।
पहली बार चुनाव लड़ने पर कर दिया था कम उम्र का होने का केस
चुनाव से आदमी को आगे पहुंचने की उम्मीद होती है। वीरभद्र सिंह ने कहा कि देश में 100 साल से भी ज्यादा समय से कांग्रेस पार्टी चली आ रही है। कांग्रेस पार्टी ने बड़ी कुर्बानियां दी हैं। उनकी कुर्बानियों की वजह से आज कांग्रेस पार्टी है।
उन्होंने कहा कि मौका प्रस्त लोग कभी भी देश और प्रदेश का हित नहीं चाहते। उन्होंने कहा कि लोगों को काम देखकर वोट देना चाहिए। महज भाषणबाजी से प्रभावित होकर वोट नहीं देना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब उन्होंने पहला चुनाव लड़ा था तो उन पर कम उम्र के होने के आरोप लगे और उन पर कोर्ट केस तक हो गया था।
न्यायालय ने जब फैसला दिया कि उस समय में चुनाव लड़ने के लिए तय की गई उम्र से उनकी आयु एक माह कुछ दिन अधिक निकली।
उन्होंने कहा कि उसके बाद उन्होंने लगातार चुनाव लड़े और जीते, प्रदेश की जनता के लिए दिल से काम किया।