अंतरराज्यीय परिषद की बैठक में वीरभद्र ने मोदी के सामने रखी ये मांगें
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अंतरराज्यीय परिषद की बैठक मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने पहाड़ी राज्यों के लिए कई मांगें रखीं। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मांग की है कि पहाड़ी राज्यों को पर्यावरण संरक्षण एवं सेवाओं के लिए नियमित रूप से ग्रीन बोनस दिया जाना चाहिए। इसे क्षेत्र की अवसर लागत के रूप में देना चाहिए।
ये पहाड़ी राज्यों के लिए बड़ी प्रोत्साहन राशि होगी। इससे इन राज्यों में पर्यावरण संरक्षण की विकास गतिविधियों को भी बढ़ावा मिल सकेगा। उन्होंने मांग की कि हिमाचल में केंद्रीय उपदानयुक्त हेलीकॉप्टर सेवाओं को भी मंजूरी दी जाए। इससे पूरा हिमाचल साल भर प्रदेश के सभी हिस्सों से जुड़ा रहेगा। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह शनिवार को नई दिल्ली में 11वीं अंतरराज्यीय परिषद की बैठक में संबोधित कर रहे थे।
बेकार पड़ी भूमि के इस्तेमाल के लिए भी मांगी मंजूरी
सीएम वीरभद्र सिंह ने केंद्र सरकार से राज्य में बेकार पड़ी भूमि का अधोसंरचना ढांचे को सुदृढ़ करने के लिए उचित इस्तेमाल करने की मंजूरी देने का भी अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि इसका सड़क ढांचे और ऊर्जा परियोजनाओं के विकास में इस्तेमाल किया जा सकेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल में कई प्रोजेक्टों के निर्माण में अनावश्यक देरी हो रही है, क्योंकि समय पर इनकी वन एवं पर्यावरण से संबंधित मंजूरी नहीं मिल पाती है। उन्होंने कहा कि वन संरक्षण अधिनियम के तहत मंजूरी के लिए राज्य सरकारों को छूट दी जानी चाहिए।
वीरभद्र सिंह ने हिमाचल प्रदेश से सटे जम्मू-कश्मीर की सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि चंबा और लाहौल-स्पीति जैसे जिलों में आतंकी गतिविधियों की भविष्य में आशंका के मद्देनजर केंद्र सरकार से सहयोग की जरूरत है और इसके लिए अनुदान बढ़ाया जाना चाहिए।