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Shimla News: साबित नहीं हुआ राॅड से हमले का आरोप, 5 छात्रों को जमानत
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एचपीयू में दो संगठनों के बीच मारपीट का मामला
21 दिन से न्यायिक हिरासत में थे पांचों छात्र
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश प्रवीण गर्ग की अदालत ने हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के पांच आरोपी छात्रों को जमानत दे दी है। यह पांचों छात्र एसएफआई के कार्यकर्ता हैं। कोर्ट ने पाया कि मेडिकल साक्ष्य उस आरोप की पुष्टि नहीं करता कि हमला लोहे की राॅड से किया था।
यह मामला दो संगठनों की आपसी रंजिश का है। जमानत देते हुए न्यायाधीश ने कहा कि सभी आरोपी युवा छात्र हैं। वह 21 दिन से न्यायिक हिरासत में हैं और जांच लगभग पूरी हो चुकी है। इसलिए उन्हें अनिश्चितकाल तक जेल में रखना न्यायसंगत नहीं होगा। पुलिस को दिए बयान में एबीवीपी कार्यकर्ता अंकित चंदेल ने बताया था कि वह एचपीयू की डिस्पेंसरी के बाहर अपने साथियों के साथ खड़े थे। इस दौरान एसएफआई के कार्यकर्ताओं ने उन पर लोहे की राॅड से हमला किया और जान से मारने की धमकी दी जिसमें उन्हें गंभीर चोटें आईं तथा उपचार के लिए आईजीएमसी ले जाया गया। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार किया था। संवाद
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21 दिन से न्यायिक हिरासत में थे पांचों छात्र
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश प्रवीण गर्ग की अदालत ने हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के पांच आरोपी छात्रों को जमानत दे दी है। यह पांचों छात्र एसएफआई के कार्यकर्ता हैं। कोर्ट ने पाया कि मेडिकल साक्ष्य उस आरोप की पुष्टि नहीं करता कि हमला लोहे की राॅड से किया था।
यह मामला दो संगठनों की आपसी रंजिश का है। जमानत देते हुए न्यायाधीश ने कहा कि सभी आरोपी युवा छात्र हैं। वह 21 दिन से न्यायिक हिरासत में हैं और जांच लगभग पूरी हो चुकी है। इसलिए उन्हें अनिश्चितकाल तक जेल में रखना न्यायसंगत नहीं होगा। पुलिस को दिए बयान में एबीवीपी कार्यकर्ता अंकित चंदेल ने बताया था कि वह एचपीयू की डिस्पेंसरी के बाहर अपने साथियों के साथ खड़े थे। इस दौरान एसएफआई के कार्यकर्ताओं ने उन पर लोहे की राॅड से हमला किया और जान से मारने की धमकी दी जिसमें उन्हें गंभीर चोटें आईं तथा उपचार के लिए आईजीएमसी ले जाया गया। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार किया था। संवाद
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