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हिमाचल में 1500 सड़कों को मिली हरी झंडी

Mon, 30 Jun 2014 12:15 PM IST
Updated Mon, 30 Jun 2014 12:15 PM IST
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Approval to 1500 roads in himachal

हिमाचल में बिना फारेस्ट क्लीयरेंस के बनीं करीब 1500 सड़कों के निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में अधर में लटकी इन सड़कों को हरी झंडी देने के लिए जिला स्तर पर कमेटियां गठित कर दी गई हैं।

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इन कमेटियों की सिफारिश पर अवैध तौर से बनी सड़कों को नियमित करने की केंद्रीय वन व पर्यावरण मंत्रालय मंजूरी देगा। इससे वर्षों से लटकी सड़कों पर लोक निर्माण विभाग और विभिन्न एजेंसियां काम कर सकेंगी।
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हिमाचल में भारतीय वन संरक्षण अधिनियम के तहत अनुमति लिए बिना ही लगभग 1500 सड़कें बना दी गई थीं। खाली वन भूमि में बनीं इन सड़कों के लिए संबंधित विभाग ने मंजूरी नहीं ली।
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कोर्ट में पहुंच गया था मामला

Approval to 1500 roads in himachal

बाद में यह मामला कोर्ट में पहुंच गया। कोर्ट ने इन अवैध सड़कों को वैध करने की प्रक्रिया शुरू करने का आदेश दिया था। कोर्ट के आदेश के अनुपालन में इसी महीने प्रदेश सरकार ने जिला स्तर पर दो कमेटियां गठित की हैं।

एक कमेटी निर्माणाधीन और दूसरी बन चुकी सड़कों की रिपोर्ट देगी। संबंधित सड़कों के नियमितीकरण का प्रस्ताव स्वीकृति के लिए वन विभाग के माध्यम से केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय को जाएगा। मंजूरी मिलने के बाद इन सड़कों की मरम्मत होगी।

कमेटियों में वन, जिला प्रशासन, लोनिवि अफसरों के अलावा बीडीओ भी शामिल किए गए हैं। प्रधान मुख्य अरण्यपाल आरके गुप्ता का कहना है कि जिला स्तर पर कमेटियां गठित कर दी गई हैं। कमेटियों को प्राथमिकता के आधार पर रिपोर्ट तैयार करने को कहा गया है।

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