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एचपीयू के पास बजट नहीं, टारिंग लटकी
Updated Wed, 01 Nov 2017 10:59 PM IST
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शिमला। हिमाचल प्रदेश विवि की खस्ताहाल गड्ढों भरी सड़क की दशा शायद ही मार्च तक भी सुधर पाए। नगर निगम इसके रखरखाव की जिम्मेदारी एचपीयू की बता रहा है, तो एचपीयू बजट न होने के कारण नगर निगम को ही इसकी टारिंग करने को कह रहा है। ऐसे परिसर की इस मुख्य सड़क की हालत आने वाले दिनों में भी नहीं सुधरने वाली। छात्रों, कर्मचारियों और यहां रोज आने वाले सैकड़ों लोगों को इसी टूटी फूटी सड़क पर हिचकोले खाने पड़ सकते हैं। समरहिल वार्ड की पार्षद शैली शर्मा का कहना है कैंपस की मुख्य सड़क का रखरखाव एचपीयू के पास है। इसे विवि को दे दिया गया था। इसमें नगर निगम का कोई लेना-देना नहीं है। उधर, एचपीयू के कुलपति प्रो. राजिंद्र सिंह चौहान का कहना है कि एचपीयू के पास इस सड़क के रखरखाव और टारिंग के लिए बजट नहीं है। ऐसे में सड़क की मरम्मत और टारिंग नगर निगम ही करवाए। सड़क विवि के नाम नहीं हुई है। आम जनता को पेश आ रही परेशानी को देखते हुए नगर निगम ही इसका रखरखाव करे। उधर, निर्माण विंग की रिपेयर मेंटेनेंस शाखा के एक्सईएन अशोक राणा का कहना है कि इस सड़क के साथ पुस्तकालय भवन के आस पास और पार्किंग स्थल की टारिंग का 29 लाख का एस्टीमेट बनाया गया था। विवि कुलपति और कुलसचिव के पास मामला ले जाया गया था, वहां से उन्हें नगर निगम से ही सड़क की टारिंग करवाए जाने को पत्र लिखे जाने के निर्देश हुए थे। उन्होंने कहा कि सड़क में गड्ढे भरने और उनमें मिट्टी आदि डालने का कार्य उनकी शाखा जरूर करवा देगी।
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