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शहर से जलसंकट होगा दूर, कोटी बरांडी से मिलेगा पानी
Updated Sat, 12 Aug 2017 10:48 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
शिमला।
शहरवासियों को सोमवार से भरपूर पानी मिलने लगेगा। नगर निगम ने लीकेज के चलते कोटी- बरांडी पेयजल परियोजना से ठप हुई पानी की सप्लाई दो दिन में बहाल करने का दावा किया है। पंथाघाटी के दोची गांव के पास लीकेज के चलते परियोजना से मिलने वाला करीब तीन से चार एमएलडी पानी मिलना बंद हो गया था। अब यहां पाइप लाइन बदलने का काम लगभग पूरा हो गया है। निगम का दावा है कि रविवार देर शाम तक इसे बदल लिया जाएगा। यहां पाइपें पहुंच चुकी हैं और जेसीबी मशीनों की मदद से इसे बदला जा रहा है। वहीं, गुम्मा और गिरि परियोजना समेत शनिवार को सभी परियोजनाओं में 41.25 एमएलडी पानी की पंपिंग हुई है जिसमें से 37 एमएलडी पानी शिमला शहर को दिया गया है। गाद थमने के बाद पंपिंग सामान्य हो रही है और दो दिन के भीतर हर वार्ड में तीसरे दिन पानी की सप्लाई मिलनी शुरू हो जाएगी। निगम अभियंता विजय गुप्ता का कहना है कि अब सप्लाई सामान्य है। कहीं से भी पानी की किल्लत की शिकायत नहीं मिली है।
.....
पानी वितरण में हो रही हेराफेरी : पूर्व मेयर
शिमला। शहर में रोजाना औसतन 33 से 35 एमएलडी से ज्यादा पानी की सप्लाई होने के बावजूद लोग पेयजल किल्लत से जूझ रहे हैं। इसका कारण वार्ड में पानी की सप्लाई का वितरण सही न होना है। पूर्व मेयर संजय चौहान का कहना है कि कोटी बरांडी पेयजल परियोजना की लीकेज को ठीक करते इतने दिन लग गए, ये गैर जिम्मेदाराना है। डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम ठीक न होने से दिक्कत बढ़ी है। कहा कि निगम इसमें सुधार करे।
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शिमला।
शहरवासियों को सोमवार से भरपूर पानी मिलने लगेगा। नगर निगम ने लीकेज के चलते कोटी- बरांडी पेयजल परियोजना से ठप हुई पानी की सप्लाई दो दिन में बहाल करने का दावा किया है। पंथाघाटी के दोची गांव के पास लीकेज के चलते परियोजना से मिलने वाला करीब तीन से चार एमएलडी पानी मिलना बंद हो गया था। अब यहां पाइप लाइन बदलने का काम लगभग पूरा हो गया है। निगम का दावा है कि रविवार देर शाम तक इसे बदल लिया जाएगा। यहां पाइपें पहुंच चुकी हैं और जेसीबी मशीनों की मदद से इसे बदला जा रहा है। वहीं, गुम्मा और गिरि परियोजना समेत शनिवार को सभी परियोजनाओं में 41.25 एमएलडी पानी की पंपिंग हुई है जिसमें से 37 एमएलडी पानी शिमला शहर को दिया गया है। गाद थमने के बाद पंपिंग सामान्य हो रही है और दो दिन के भीतर हर वार्ड में तीसरे दिन पानी की सप्लाई मिलनी शुरू हो जाएगी। निगम अभियंता विजय गुप्ता का कहना है कि अब सप्लाई सामान्य है। कहीं से भी पानी की किल्लत की शिकायत नहीं मिली है।
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पानी वितरण में हो रही हेराफेरी : पूर्व मेयर
शिमला। शहर में रोजाना औसतन 33 से 35 एमएलडी से ज्यादा पानी की सप्लाई होने के बावजूद लोग पेयजल किल्लत से जूझ रहे हैं। इसका कारण वार्ड में पानी की सप्लाई का वितरण सही न होना है। पूर्व मेयर संजय चौहान का कहना है कि कोटी बरांडी पेयजल परियोजना की लीकेज को ठीक करते इतने दिन लग गए, ये गैर जिम्मेदाराना है। डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम ठीक न होने से दिक्कत बढ़ी है। कहा कि निगम इसमें सुधार करे।
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