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जिला की पहली बीपीएल मुक्त पंचायत बनी ग्राम पंचायत बड़ाच
Updated Mon, 07 May 2018 10:52 PM IST
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बीपीएल मुक्त हुई बड़ाच पंचायत
ग्राम सभा में लोगों ने सर्वसम्मति से पारित किया प्रस्ताव
जिले की पहली पंचायत बनी, बैठक में सूची से हटाए नाम
दीपक मेहता
शिमला। जिले के विकास खंड ननखड़ी की ग्राम पंचायत बड़ाच बीपीएल मुक्त हो गई है। इस पंचायत में अब कोई गरीबी रेखा से नीचे नहीं है। ग्राम पंचायत की बैठक में सर्वसम्मति से इस प्रस्ताव को पारित किया गया है। इससे पहले पंचायती राज विभाग के निर्देशानुसार पंचायत में बीपीएल परिवारों के चयन के दावे और शिकायतों के लिए 90 दिन का कार्यक्रम तय किया गया था। पहले उपग्राम सभाओं और इसके बाद ग्राम सभाओं में पात्र परिवारों के चयन और अपात्र परिवारों को हटाने का अंतिम रूप दिया गया।
अधिकतर वार्ड से बीपीएल परिवारों के चयन के आवेदन मिले, साथ ही अपात्रों को हटाने की शिकायत आई। पंचायत प्रधान भूपेंद्र दड़ेल की अध्यक्षता में ग्राम सभा हुई। इस दौरान प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। प्रस्ताव के लिए 132 लोगों की ओर से हामी भरी जानी जरूरी थी। 137 लोगों ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पर मुहर लगवा दी। इससे पहले पंचायतों में 7 वार्डों के 89 परिवार बीपीएल में थे। बैठक में जिला परिषद सदस्य रामदासी, बीडीसी सदस्य इंद्र दास मेहता मौजूद रहे।
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ग्राम सभा में लोगों ने सर्वसम्मति से पारित किया प्रस्ताव
जिले की पहली पंचायत बनी, बैठक में सूची से हटाए नाम
दीपक मेहता
शिमला। जिले के विकास खंड ननखड़ी की ग्राम पंचायत बड़ाच बीपीएल मुक्त हो गई है। इस पंचायत में अब कोई गरीबी रेखा से नीचे नहीं है। ग्राम पंचायत की बैठक में सर्वसम्मति से इस प्रस्ताव को पारित किया गया है। इससे पहले पंचायती राज विभाग के निर्देशानुसार पंचायत में बीपीएल परिवारों के चयन के दावे और शिकायतों के लिए 90 दिन का कार्यक्रम तय किया गया था। पहले उपग्राम सभाओं और इसके बाद ग्राम सभाओं में पात्र परिवारों के चयन और अपात्र परिवारों को हटाने का अंतिम रूप दिया गया।
अधिकतर वार्ड से बीपीएल परिवारों के चयन के आवेदन मिले, साथ ही अपात्रों को हटाने की शिकायत आई। पंचायत प्रधान भूपेंद्र दड़ेल की अध्यक्षता में ग्राम सभा हुई। इस दौरान प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। प्रस्ताव के लिए 132 लोगों की ओर से हामी भरी जानी जरूरी थी। 137 लोगों ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पर मुहर लगवा दी। इससे पहले पंचायतों में 7 वार्डों के 89 परिवार बीपीएल में थे। बैठक में जिला परिषद सदस्य रामदासी, बीडीसी सदस्य इंद्र दास मेहता मौजूद रहे।
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