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स्कूल से चुपचाप गायब नहीं हो सकेगा अब स्टाफ
Updated Thu, 08 Mar 2018 10:16 PM IST
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नरेंद्र एस. कंवर
शिमला। सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की हाजिरी अब बायोमीट्रिक मशीन पर लगेगी। स्टाफ को सुबह स्कूल कैंपस में प्रवेश और परिसर छोड़ने पर फिंगर प्रिंट से हाजिरी लगानी अनिवार्य होगी। एक अप्रैल से व्यवस्था लागू कर दी जाएगी। जिले के हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में यह व्यवस्था लागू होने जा रही है।
जिले के सभी सरकारी जमा दो और दसवीं तक के स्कूलों के स्टाफ को 15 मार्च तक आधार एनेब्लड बायोमिट्रिक सिस्टम में पंजीकृत करवाना होगा। उप-निदेशक उच्च शिक्षा शिमला ने स्कूलों के प्रधानाचार्य और मुख्य अध्यापकों को निर्देश जारी कर दिए हैं कि वे हर हाल में 15 मार्च की तय तिथि से पहले पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी करें। रिपोर्ट स्कूल मुखियाओं को उप निदेशक कार्यालय को भेजनी होगी।
एक अप्रैल से जिले के सभी स्कूलों में बायोमीट्रिक मशीनों से हाजिरी की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। इसके लिए हर स्कूल को तय समय सीमा के भीतर आधार आधारित बायोमीट्रिक पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। पूरे जिले में वर्तमान में 280 वरिष्ठ माध्यमिक ओर 124 उच्च विद्यालय हैं। इनमें करीब दस हजार से अधिक शिक्षक और गैर शिक्षक स्टाफ जो सेवाएं दे रहे हैं, सभी की हाजिरी बायोमीट्रिक से लगना शुरू हो जाएगी। शिक्षा विभाग के इस फैसले से अब किसी न किसी बहाने से गायब रहने वाले शिक्षक और गैर शिक्षकों की ड्यूटी टाइम से गायब रहने का चलन बंद हो जाएगा।
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वर्तमान में शहरी स्कूलों में ही बायोमीट्रिक से हाजिरी की व्यवस्था लागू थी, मगर जिले के हर स्कूल में शिक्षक और स्टाफ की बायोमीट्रिक मशीन से हाजिरी लगेगी। स्कूल प्रधानाचार्य और मुख्य अध्यापकों के लिए उप निदेशक कार्यालय की वेबसाइट www.ddheshimla.com पर आधार आधारित बायोमीट्रिक हाजिरी सिस्टम की पूरी जानकारी दी गई है। इसमें दिए गए दिशा निर्देशों के मुताबिक ही कर्मचारियों और शिक्षकों का पंजीकरण 15 मार्च तक किया जाना है।
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शिमला। सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की हाजिरी अब बायोमीट्रिक मशीन पर लगेगी। स्टाफ को सुबह स्कूल कैंपस में प्रवेश और परिसर छोड़ने पर फिंगर प्रिंट से हाजिरी लगानी अनिवार्य होगी। एक अप्रैल से व्यवस्था लागू कर दी जाएगी। जिले के हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में यह व्यवस्था लागू होने जा रही है।
जिले के सभी सरकारी जमा दो और दसवीं तक के स्कूलों के स्टाफ को 15 मार्च तक आधार एनेब्लड बायोमिट्रिक सिस्टम में पंजीकृत करवाना होगा। उप-निदेशक उच्च शिक्षा शिमला ने स्कूलों के प्रधानाचार्य और मुख्य अध्यापकों को निर्देश जारी कर दिए हैं कि वे हर हाल में 15 मार्च की तय तिथि से पहले पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी करें। रिपोर्ट स्कूल मुखियाओं को उप निदेशक कार्यालय को भेजनी होगी।
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एक अप्रैल से जिले के सभी स्कूलों में बायोमीट्रिक मशीनों से हाजिरी की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। इसके लिए हर स्कूल को तय समय सीमा के भीतर आधार आधारित बायोमीट्रिक पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। पूरे जिले में वर्तमान में 280 वरिष्ठ माध्यमिक ओर 124 उच्च विद्यालय हैं। इनमें करीब दस हजार से अधिक शिक्षक और गैर शिक्षक स्टाफ जो सेवाएं दे रहे हैं, सभी की हाजिरी बायोमीट्रिक से लगना शुरू हो जाएगी। शिक्षा विभाग के इस फैसले से अब किसी न किसी बहाने से गायब रहने वाले शिक्षक और गैर शिक्षकों की ड्यूटी टाइम से गायब रहने का चलन बंद हो जाएगा।
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वर्तमान में शहरी स्कूलों में ही बायोमीट्रिक से हाजिरी की व्यवस्था लागू थी, मगर जिले के हर स्कूल में शिक्षक और स्टाफ की बायोमीट्रिक मशीन से हाजिरी लगेगी। स्कूल प्रधानाचार्य और मुख्य अध्यापकों के लिए उप निदेशक कार्यालय की वेबसाइट www.ddheshimla.com पर आधार आधारित बायोमीट्रिक हाजिरी सिस्टम की पूरी जानकारी दी गई है। इसमें दिए गए दिशा निर्देशों के मुताबिक ही कर्मचारियों और शिक्षकों का पंजीकरण 15 मार्च तक किया जाना है।