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ज्वालामुखी में सड़क पर बना दी पार्किंग
Updated Sun, 26 Nov 2017 11:55 PM IST
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कपिल शर्मा
ज्वालामुखी (कांगड़ा)। ज्वालामुखी शहर विश्व पटल पर तो अपनी पहचान बनाए हुए है, लेकिन आज भी शहर में विश्व स्तरीय सुविधाएं आम नागरिकों को सड़क सुरक्षा पर नही मिल पा रही हैं। हालात दिन प्रतिदिन इस कदर बिगड़ते जा रहे हैं, लोगों को पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। इस क्षेत्र में श्रद्धालुओं के साथ-साथ शहर के नागरिकों को एनएच-88 के दोनों ओर लगे वाहनों के चलते मजबूरन सड़क पर चलना पड़ रहा है। इस कारण हर रोज हथेली पर रखकर युवा, बुजुर्ग, महिलाएं, स्कूली बच्चे शहर में रोजाना सड़क पर गुजरते हैं। देश-विदेश से रोजाना यहां आ रहे हजारों श्रद्धालु भी शहर में अव्यवस्था देखकर अच्छा संदेश लेकर नही जा रहे हैं। सड़क पर लगे बेतरतीब दोपहिया, चारपहिया वाहनों से दुर्घटना का भय हर समय बना रहता है। शहर में बने फुटपाथ पर भी शहरवासियों को चलने की जगह नही है, वहां पर भी रेहड़ियों ने कब्जा जमा रखा है और प्रशासन मौन है।
क्या कहते हैं शहरवासी
रमन चौधरी ने कहा कि सड़क के दोनों ओर ज्वालामुखी में वाहन खड़े रहने से हर समय दुर्घटना का भय बना रहता है। सड़क के किनारे लगे वाहनों को नियमित अभियान के तहत हटवाया जाना चाहिए और पार्किंग में लगवाया जाना चाहिए।
कारोबारी अमन हन्नी ने कि सड़क किनारे लगे वाहनों से कई बार राह चलते लोग दुर्घटना घटने से घायल हो जाते हैं। सड़क सुरक्षा के लिए सड़क के किनारे लगे वाहनों को हटाना बेहद जरूरी है। पैदल चलने वाले राहगीरों को परेशानी होती है।
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कारोबारी अंकुश सोनी ने कि सड़क किनारे लगे वाहन अक्सर दुर्घटनाओं को न्यौता देते हैं। स्थानीय प्रशासन को इस समस्या के निवारण के लिए पहल करनी चाहिए। पैदल चलने वाले रास्ते पर वाहनों का कब्जा हर समय रहता है।
प्रताप चंद ने कहा कि उनकी दुकान के सामने लड़कियों का स्कूल है। छुट्टी होने पर बच्चे रोजाना गुजरते हैं । यहां पर तेज रफ्तार दोपहिया वाहनों पर अंकुश लगाया जाना चाहिए और स्कूल के पास स्पीड़ ब्रेकर भी लगना चाहिए, ताकि बच्चे सुरक्षित महसूस करें।
नगर परिषद जल्द चलाएगी अभियान: ललित कुमार
नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी ललित कुमार ने कहा कि जल्द ही शहर को स्वच्छ और अतिक्रमण मुक्त करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। जिसमें सभी का सहयोग लिया जाएगा, ताकि शहर को सुंदर और व्यवस्थित तरीके से विकसित किया जा सके। वहीं, यहां आने वाले श्रद्धालु अच्छा संदेश लेकर जाएं।
सड्क सुरक्षा से समझौता नही: डीएसपी
ज्वालामुखी उपमंडल के डीएसपी योगेश दत्त जोशी का इस संबंध में कहना है कि आम आदमी की सड़क सुरक्षा से किसी प्रकार का कोई भी समझौता नही किया जाएगा। यातायात नियमों की अवहेलना और नो पार्किंग में वाहन खडे़ करने पर नियमानुसार कार्यवाही का प्रावधान रहता है। समय-2 पर अभियान भी चलाया जाता है।
बाक्स
ज्वालामुखी शहर मे रोज जाम की स्थिति
राष्ट्रीय राज्यमार्ग-88 और ज्वालामुखी बस अड्डे के पास दोनों तरफ अगर कहीं भी मंदिर मार्ग नंबर 2 के पास सड़क पर वाहन पार्क हो जाए तो दोनों ओर जाम लग जाता है। इससे बस में बैठे और बाहर से आए हुए श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
शक्तिपीठ ज्वालामुखी के लिए जिलाधीश कांगड़ा सीपी वर्मा ने ट्रैफिक प्लान भी बनाया था। लेकिन शहर में चिह्नित स्थानों पर सड्क नियमों निर्देशों के बोर्ड तो चस्पां हैं, लेकिन अमल में लाए कौन यह बड़ा सवाल है?
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ज्वालामुखी (कांगड़ा)। ज्वालामुखी शहर विश्व पटल पर तो अपनी पहचान बनाए हुए है, लेकिन आज भी शहर में विश्व स्तरीय सुविधाएं आम नागरिकों को सड़क सुरक्षा पर नही मिल पा रही हैं। हालात दिन प्रतिदिन इस कदर बिगड़ते जा रहे हैं, लोगों को पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। इस क्षेत्र में श्रद्धालुओं के साथ-साथ शहर के नागरिकों को एनएच-88 के दोनों ओर लगे वाहनों के चलते मजबूरन सड़क पर चलना पड़ रहा है। इस कारण हर रोज हथेली पर रखकर युवा, बुजुर्ग, महिलाएं, स्कूली बच्चे शहर में रोजाना सड़क पर गुजरते हैं। देश-विदेश से रोजाना यहां आ रहे हजारों श्रद्धालु भी शहर में अव्यवस्था देखकर अच्छा संदेश लेकर नही जा रहे हैं। सड़क पर लगे बेतरतीब दोपहिया, चारपहिया वाहनों से दुर्घटना का भय हर समय बना रहता है। शहर में बने फुटपाथ पर भी शहरवासियों को चलने की जगह नही है, वहां पर भी रेहड़ियों ने कब्जा जमा रखा है और प्रशासन मौन है।
क्या कहते हैं शहरवासी
रमन चौधरी ने कहा कि सड़क के दोनों ओर ज्वालामुखी में वाहन खड़े रहने से हर समय दुर्घटना का भय बना रहता है। सड़क के किनारे लगे वाहनों को नियमित अभियान के तहत हटवाया जाना चाहिए और पार्किंग में लगवाया जाना चाहिए।
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कारोबारी अमन हन्नी ने कि सड़क किनारे लगे वाहनों से कई बार राह चलते लोग दुर्घटना घटने से घायल हो जाते हैं। सड़क सुरक्षा के लिए सड़क के किनारे लगे वाहनों को हटाना बेहद जरूरी है। पैदल चलने वाले राहगीरों को परेशानी होती है।
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कारोबारी अंकुश सोनी ने कि सड़क किनारे लगे वाहन अक्सर दुर्घटनाओं को न्यौता देते हैं। स्थानीय प्रशासन को इस समस्या के निवारण के लिए पहल करनी चाहिए। पैदल चलने वाले रास्ते पर वाहनों का कब्जा हर समय रहता है।
प्रताप चंद ने कहा कि उनकी दुकान के सामने लड़कियों का स्कूल है। छुट्टी होने पर बच्चे रोजाना गुजरते हैं । यहां पर तेज रफ्तार दोपहिया वाहनों पर अंकुश लगाया जाना चाहिए और स्कूल के पास स्पीड़ ब्रेकर भी लगना चाहिए, ताकि बच्चे सुरक्षित महसूस करें।
नगर परिषद जल्द चलाएगी अभियान: ललित कुमार
नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी ललित कुमार ने कहा कि जल्द ही शहर को स्वच्छ और अतिक्रमण मुक्त करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। जिसमें सभी का सहयोग लिया जाएगा, ताकि शहर को सुंदर और व्यवस्थित तरीके से विकसित किया जा सके। वहीं, यहां आने वाले श्रद्धालु अच्छा संदेश लेकर जाएं।
सड्क सुरक्षा से समझौता नही: डीएसपी
ज्वालामुखी उपमंडल के डीएसपी योगेश दत्त जोशी का इस संबंध में कहना है कि आम आदमी की सड़क सुरक्षा से किसी प्रकार का कोई भी समझौता नही किया जाएगा। यातायात नियमों की अवहेलना और नो पार्किंग में वाहन खडे़ करने पर नियमानुसार कार्यवाही का प्रावधान रहता है। समय-2 पर अभियान भी चलाया जाता है।
बाक्स
ज्वालामुखी शहर मे रोज जाम की स्थिति
राष्ट्रीय राज्यमार्ग-88 और ज्वालामुखी बस अड्डे के पास दोनों तरफ अगर कहीं भी मंदिर मार्ग नंबर 2 के पास सड़क पर वाहन पार्क हो जाए तो दोनों ओर जाम लग जाता है। इससे बस में बैठे और बाहर से आए हुए श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
शक्तिपीठ ज्वालामुखी के लिए जिलाधीश कांगड़ा सीपी वर्मा ने ट्रैफिक प्लान भी बनाया था। लेकिन शहर में चिह्नित स्थानों पर सड्क नियमों निर्देशों के बोर्ड तो चस्पां हैं, लेकिन अमल में लाए कौन यह बड़ा सवाल है?