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Mohali News: शेयर मार्केट में पैसा निवेश करवाकर महिला से ठगे 1.74 करोड़ , मामला दर्ज
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संवाद न्यूज एजेंसी
मोहाली। शेयर मार्केट में पैसा निवेश करवाकर एक महिला से 1.74 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। धोखाधड़ी का शिकार हुई मीनाक्षी गर्ग निवासी जगराओं ने पंजाब स्टेट साइबर क्राइम पुलिस को मामले की शिकायत दी है। पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
शिकायतकर्ता ने बताया कि 23 जुलाई को शेयरों के व्यापार के लिए कोटक बैंक के साथ एक खाता खोला था। उसे 25 जुलाई को अलंकित लिमिटेड सिक्योरिटीज नामक एक व्हाट्सएप ग्रुप से संदेश मिला। उन्होंने उसे शेयरों के लाभ बताए और शेयर खरीदने की सिफारिश की। उन लोगों ने प्रोफेसर अंकित अग्रवाल से मुलाकात करवाई और एक वीआईपी संस्थागत खाता खोलने का आग्रह किया।
शिकायतकर्ता ने पुष्टि करने के बाद सेबी कंपनी के साथ अपना खाता रजिस्टर्ड करवाया (जिसमें नाम के साथ-साथ लोगो की पुष्टि एनएसई साइट पर दिखाई देने के रूप में की गई थी)।
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प्रारंभिक चरण में उन्होंने केवल शेयरों के कारोबार के लिए कहा, लेकिन उसके बाद प्रोफेसर की सहायक मीरा जो समूह में सभी परिचालकों को संभाल रही है, ने शेयर खरीदने के लिए कहा।
उन्होंने कुछ शेयर खरीदकर लाभ पर बेचे और यह कई दिनों तक चला। उसके बाद सहायक ने बाजार रिटेल आईटीडी के 10 लाख शेयरों के आईपीओ के लिए आवेदन करने के लिए कहा, जिसे मैंने अस्वीकार कर दिया।
लेकिन उसने मुझे कंपनी के नियमों के अनुसार, इसके लिए आवेदन करने के लिए मजबूर कर दिया और कहा कि यदि सदस्यता के लिए राशि अधिक होगी, तो कंपनी लेनदेन को पूरा करने के लिए वित्त पोषण करेगी। उसे 46 हजार शेयर आवंटित किए गए, जिनकी कीमत 1 करोड़ 70 लाख 20 हजार रुपये थी।
उसने कहा कि वह इस राशि का भुगतान करने में असमर्थ थी, इसलिए सहायक ने कंपनी से 70 लाख रुपये की ब्याज मुक्त ऋण प्राप्त करने में मदद की। आईपीओ बेच दिया गया था और इससे पहले कि वह पैसे निकाल पाती, उन्होंने उसेे विजन इंफ्रा इक्विपमेंट सॉल्यूशंस लिमिटेड के आईपीओ के 3 करोड़ 30 लाख रुपये की राशि के बिना उसकी सहमति के नए 2 लाख 13 हजार शेयर आवंटित किए।
उसने फिर से विरोध किया कि उसकी सहमति के बिना, कंपनी मुझे शेयर कैसे आवंटित कर सकती है, लेकिन उन्होंने जवाब दिया कि यह कंपनी की स्वचालित मिलान नीति के अनुसार किया जाता है। साथ ही उसे चेतावनी दी कि यदि वह पूरी सदस्यता राशि का भुगतान नहीं करती तो उसे भारी जुर्माना लगाया जाएगा। वह डर गई और परिवार व दोस्तों से अधिक धन जुटाया।
रविवार को जब उसने कस्टमर केयर को मैसेज किया, जो कि एक अन्य ग्रुप है, यह याद दिलाने के लिए कि उसे 18 सितंबर को धनराशि निकालनी है। इस पर उन्होंने उसे बताया कि उसेे एक नया खाता खोलने के लिए 30 लाख की राशि का भुगतान करना होगा।
इस तरह उससे अलग-अलग बहाने बनाकर कंपनी ने उससे कुल 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये की ठगी कर ली। साइबर पुलिस ने जांच के बाद अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया।
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मोहाली। शेयर मार्केट में पैसा निवेश करवाकर एक महिला से 1.74 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। धोखाधड़ी का शिकार हुई मीनाक्षी गर्ग निवासी जगराओं ने पंजाब स्टेट साइबर क्राइम पुलिस को मामले की शिकायत दी है। पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
शिकायतकर्ता ने बताया कि 23 जुलाई को शेयरों के व्यापार के लिए कोटक बैंक के साथ एक खाता खोला था। उसे 25 जुलाई को अलंकित लिमिटेड सिक्योरिटीज नामक एक व्हाट्सएप ग्रुप से संदेश मिला। उन्होंने उसे शेयरों के लाभ बताए और शेयर खरीदने की सिफारिश की। उन लोगों ने प्रोफेसर अंकित अग्रवाल से मुलाकात करवाई और एक वीआईपी संस्थागत खाता खोलने का आग्रह किया।
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शिकायतकर्ता ने पुष्टि करने के बाद सेबी कंपनी के साथ अपना खाता रजिस्टर्ड करवाया (जिसमें नाम के साथ-साथ लोगो की पुष्टि एनएसई साइट पर दिखाई देने के रूप में की गई थी)।
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प्रारंभिक चरण में उन्होंने केवल शेयरों के कारोबार के लिए कहा, लेकिन उसके बाद प्रोफेसर की सहायक मीरा जो समूह में सभी परिचालकों को संभाल रही है, ने शेयर खरीदने के लिए कहा।
उन्होंने कुछ शेयर खरीदकर लाभ पर बेचे और यह कई दिनों तक चला। उसके बाद सहायक ने बाजार रिटेल आईटीडी के 10 लाख शेयरों के आईपीओ के लिए आवेदन करने के लिए कहा, जिसे मैंने अस्वीकार कर दिया।
लेकिन उसने मुझे कंपनी के नियमों के अनुसार, इसके लिए आवेदन करने के लिए मजबूर कर दिया और कहा कि यदि सदस्यता के लिए राशि अधिक होगी, तो कंपनी लेनदेन को पूरा करने के लिए वित्त पोषण करेगी। उसे 46 हजार शेयर आवंटित किए गए, जिनकी कीमत 1 करोड़ 70 लाख 20 हजार रुपये थी।
उसने कहा कि वह इस राशि का भुगतान करने में असमर्थ थी, इसलिए सहायक ने कंपनी से 70 लाख रुपये की ब्याज मुक्त ऋण प्राप्त करने में मदद की। आईपीओ बेच दिया गया था और इससे पहले कि वह पैसे निकाल पाती, उन्होंने उसेे विजन इंफ्रा इक्विपमेंट सॉल्यूशंस लिमिटेड के आईपीओ के 3 करोड़ 30 लाख रुपये की राशि के बिना उसकी सहमति के नए 2 लाख 13 हजार शेयर आवंटित किए।
उसने फिर से विरोध किया कि उसकी सहमति के बिना, कंपनी मुझे शेयर कैसे आवंटित कर सकती है, लेकिन उन्होंने जवाब दिया कि यह कंपनी की स्वचालित मिलान नीति के अनुसार किया जाता है। साथ ही उसे चेतावनी दी कि यदि वह पूरी सदस्यता राशि का भुगतान नहीं करती तो उसे भारी जुर्माना लगाया जाएगा। वह डर गई और परिवार व दोस्तों से अधिक धन जुटाया।
रविवार को जब उसने कस्टमर केयर को मैसेज किया, जो कि एक अन्य ग्रुप है, यह याद दिलाने के लिए कि उसे 18 सितंबर को धनराशि निकालनी है। इस पर उन्होंने उसे बताया कि उसेे एक नया खाता खोलने के लिए 30 लाख की राशि का भुगतान करना होगा।
इस तरह उससे अलग-अलग बहाने बनाकर कंपनी ने उससे कुल 1 करोड़ 74 लाख 50 हजार रुपये की ठगी कर ली। साइबर पुलिस ने जांच के बाद अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया।