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मटर के बीज खराब निकले, किसान सड़क पर बैठे
ब्यूरो/अमर उजाला, नवांशहर
Updated Fri, 04 Dec 2015 10:28 PM IST
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खेतीबाड़ी विभाग की ओर से किसानों को उपलब्ध करवाए गए मटर बीज की क्वालिटी
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खराब निकलने के रोष में शुक्रवार को किसानों और कांग्रेसी नेताओं ने चक्का
जाम कर दिया।
चंडीगढ़ चौक में करीब एक घंटे तक जाम लगाकर प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारी किसानों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान विधायक गुरइकबाल कौर बबली, किरती किसान यूनियन के नेता सुरिंदर सिंह बैंस, कांग्रेस के प्रदेश सेक्रेटरी कुलदीप राणा, यूथ कांग्रेसी नेता अंगद सिंह, मार्केट कमेटी के पूर्व चेयरमैन चमन सिंह भानमजारा ने कहा कि खेतीबाड़ी विभाग की ओर से किसानों को मटर का जो बीज उपलब्ध करवाया गया, वह घटिया क्वालिटी का था।
किसानों ने इतना मंहगा बीज डाला, लेकिन फसल पैदा ही नहीं हुई। सरकार की ओर से किसानों के हितों की बात की जाती है, लेकिन किसानों को दवा और बीज घटिया सप्लाई करवाया जाता है। उन्होंने मटर की फसल खराब होने पर किसानों को 50 हजार रुपये प्रति एकड़ मुआवजा देने की मांग की।
इसके अलावा बीज उपलब्ध करवाने में हुई धांधली के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की भी मांग की। किसानों की ओर से दिए गए धरने की सूचना पाकर एसडीएम जीवन जगजोत कौर मौके पर पहुंची और उन्होंने किसानों को आश्वासन दिया कि वे पूरे मामले की रिपोर्ट बनाकर सरकार को भेजेंगी। इसके बाद किसानों ने अपना धरना समाप्त किया।
चंडीगढ़ चौक में करीब एक घंटे तक जाम लगाकर प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारी किसानों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान विधायक गुरइकबाल कौर बबली, किरती किसान यूनियन के नेता सुरिंदर सिंह बैंस, कांग्रेस के प्रदेश सेक्रेटरी कुलदीप राणा, यूथ कांग्रेसी नेता अंगद सिंह, मार्केट कमेटी के पूर्व चेयरमैन चमन सिंह भानमजारा ने कहा कि खेतीबाड़ी विभाग की ओर से किसानों को मटर का जो बीज उपलब्ध करवाया गया, वह घटिया क्वालिटी का था।
किसानों ने इतना मंहगा बीज डाला, लेकिन फसल पैदा ही नहीं हुई। सरकार की ओर से किसानों के हितों की बात की जाती है, लेकिन किसानों को दवा और बीज घटिया सप्लाई करवाया जाता है। उन्होंने मटर की फसल खराब होने पर किसानों को 50 हजार रुपये प्रति एकड़ मुआवजा देने की मांग की।
इसके अलावा बीज उपलब्ध करवाने में हुई धांधली के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की भी मांग की। किसानों की ओर से दिए गए धरने की सूचना पाकर एसडीएम जीवन जगजोत कौर मौके पर पहुंची और उन्होंने किसानों को आश्वासन दिया कि वे पूरे मामले की रिपोर्ट बनाकर सरकार को भेजेंगी। इसके बाद किसानों ने अपना धरना समाप्त किया।