फिरोजपुर: अनाज मंडियों में गीले हुए धान को सुखाने में जुटे किसान और आढ़ती, बारिश में भीगी हैं लाखों बोरियां
बारिश ने किसानों और आढ़तियों के लिए परेशानी खड़ी कर दी है। सूर्य देवता भी बारिश से गीले धान को सुखाने के लिए किसानों का साथ नहीं दे रहे। मंडियों में किसान और आढ़ती दोनों परेशान हैं और उन्हें डबल मजदूरी देकर अपना धान सुखाना पड़ रहा है। जिलेभर की मंडियों में धान से भरी लाखों बोरियां बारिश के कारण गीली हुई हैं।
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फिरोजपुर में बारिश से गीले हुए धान को सुखाने में किसानों और आढ़तियों को मेहनत करनी पड़ रही है। बादलों के बीच सूरज नहीं निकलने से समस्या और बढ़ गई है। मौसम खराब होने के कारण आसमान में सूर्य के आगे बादल आ जाने से धूप कम निकल रही है। किसान मंडियों में जमीन पर धान बिछाकर सुखाने में जुटे हुए हैं। वहीं, आढ़ती धान से भरी गीली बोरियों को नीचे से ऊपर करने में लगे हैं। फिरोजपुर शहर की दाना मंडी में बारिश से लगभग चार लाख बोरियों में भरा धान भीगा है। इसी तरह जिलेभर में लाखों की संख्या में बोरियों में भरा धान गीला होने की बात कही जा रही है।
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एक सप्ताह तक सुखेगा धान
दाना मंडी में मौजूद किसान सुरजीत सिंह ने कहा कि बारिश से धान की ढेरियां गीली हो गई थीं। अब उसे सुखाने में लगे हैं। बेमौसम बरसात और मौसम के खराब होने से आसमान पर बादल छाए हुए हैं। धान सुखाने में काफी परेशान आ रही है। धूप तेज होने पर धान एक दिन में सूख जाता है, जिस तरह मौसम है, इसे देखते हुए एक सप्ताह लग जाएगा। किसान दर्शन सिंह का कहना है कि पचास क्विंटल धान शहर की मंडी में पड़ा है, जो बारिश से गीला हो चुका है। जब तक धान सुखेगा नहीं, तब तक सरकारी खरीद एजेंसियां खरीदेगी नहीं।
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डबल मजदूरी देनी पड़ रही
उधर, आढ़ती बब्बू का कहना है कि उसकी अकेली की पचास हजार धान से भरी बोरियां बारिश से गीली हो चुकी हैं। इन्हें सुखाने के लिए नीचे की बोरियों को निकालकर ऊपर रखा जा रहा है। ऐसा करने से उन्हें मजदूरी डबल देनी पड़ रही है। दाना मंडी में लगभग चार लाख धान से भरी बोरियां गीली हुई हैं। जलालाबाद के विधायक रमिंदर आवला और डिप्टी कमिश्नर बबीता कलेर ने गांव रूमवाला, चक्की पन्नीवाला, बलाकीवाला, चक्क लमोचड़ का दौरा किया और किसानों की परेशानी सुनी।
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सरकार किसानों के साथ
अधिकारियों ने मंडी लाधुका पहुंच खराब धान की निरीक्षण किया। किसानों ने बताया कि ओलावृष्टि से उनकी बासमती की फसल काफी प्रभावित हुई है। आवला ने कहा कि सरकार की तरफ से किसानों के हुए नुक्सान का सर्वे करवाकर मुआवजा दिया जाएगा। पंजाब सरकार किसानों के साथ खड़ी है और मुआजवा जल्द दिया जाएगा। डीसी कलेर ने कहा कि पंजाब सरकार की तरफ से सख्त हिदायत है कि किसानों को किसी किस्म की दिक्कत न आने दी जाए और इस कुदरती आफत के समय सरकार की तरफ से किसानों की हरसंभव मदद की जाएगी।