{"_id":"66bca766588f26195b0850d7","slug":"fake-deed-of-government-land-in-moga-patwari-and-three-people-get-compensation-of-rs-one-crore-2024-08-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"पटवारी ने किया फर्जीवाड़ा: सरकारी जमीन का कराया फर्जी इंतकाल, मुआवजे का एक करोड़ हड़पा, पटवारी समेत तीन पर केस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पटवारी ने किया फर्जीवाड़ा: सरकारी जमीन का कराया फर्जी इंतकाल, मुआवजे का एक करोड़ हड़पा, पटवारी समेत तीन पर केस
Wed, 14 Aug 2024 06:17 PM IST
अंकेश ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, मोगा (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, मोगा (पंजाब)
Published by: अंकेश ठाकुर
Updated Wed, 14 Aug 2024 06:17 PM IST
सार
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने मोगा में पटवारी सहित दो लोगों के खिलाफ एक करोड़ रुपये के फर्जीवाड़े में केस दर्ज किया है। पटवारी समेत दो अन्य आरोपियों ने सरकारी जमीन का फर्जी इंतकाल करवाया और मुआवजे की राशि हड़प ली।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : Istock
विस्तार
पंजाब के मोगा में एक पटवारी का करोड़ों रुपये का फर्जीवाड़ा पकड़ा गया। पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने मोगा के राजस्व हलका किशनपुरा कलां में तैनात पटवारी नवदीप सिंह और गांव अदरामन निवासी दिलखुश कुमारी और गांव रसूलपुर निवासी हरमिंदर सिंह उर्फ गगन के खिलाफ सरकारी जमीन का फर्जी इंतकाल तैयार कर एक करोड़ का मुआवजा हड़पने के आरोप में मामला दर्ज किया है।
विज्ञापन
राज्य विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि जांच के दौरान पाया गया कि गांव अदरामन, तहसील धर्मकोट में स्थित पंजाब सरकार के पुनर्वास विभाग की जमीन फर्जी ढंग से दिलखुश कुमारी के नाम पर तब्दील करके उसके नाम पर इंतकाल दर्ज करवा दिया गया। इस इंतकाल पर छिंदा पटवारी के दस्तखत थे, जबकि वह तहसील धर्मकोट के गांव रेडवां के संबंधित राजस्व हलका में तैनात नहीं था और साल 2021 दौरान उसकी मौत हो गई थी।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि इस मामले की जांच के दौरान तहसील धर्मकोट में तैनात तत्कालीन कानूनगो और नायब तहसीलदार ने बयान रिकॉर्ड करवाए हैं कि उनकी तरफ से उक्त जमीन के इस तबादले पर दस्तखत नहीं किए गए थे जिसके उपरांत यह तबादला शक्की पाया गया। इस जमीन में से कुछ क्षेत्र राष्ट्रीय मार्ग बनाने के लिए अधिग्रहित किया गया था और दिलखुश ने 18,53,661 रुपये और 82,12,063 रुपये का मुआवजा हासिल कर लिया था।
विज्ञापन
जांच में पता चला कि जमीन की मूल्यांकन रिपोर्ट और इसका ए-रोल उक्त पटवारी नवदीप सिंह ने तैयार किया था। पटवारी नवदीप सिंह ने दिलखुश कुमारी को यह दिलवाने के लिए हरमिंदर सिंह उर्फ गगन के साथ मिलीभगत की थी। आरोपियों के खिलाफ विजिलेंस थाना फिरोजपुर रेंज में मामला दर्ज कर लिया गया है।