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दुर्गा अष्टमी पर एक सौ एक कंजक का पूजन
अमर उजाला, राजपुरा
Updated Sat, 12 Oct 2013 09:29 PM IST
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दुर्गा अष्टमी के उपलक्ष्य शनिवार को प्राचीन दुर्गा मंदिर और श्री सत्यनारायण मंदिर रिटेल सब्जी में माथा टेकने आने वाले भक्तों का सैलाब सा उमड़ पड़ा।
श्री सत्यनारायण मंदिर कमेटी ने एक सौ एक कंजक का पूजन किया। इसमें मुख्य मेहमान ऑल इंडिया लोक भलाई ट्रस्ट के प्रधान जगदीश जगा थे।
प्राचीन दुर्गा मंदिर परिसर में सुबह चार बजे से ही भक्तों की लंबी लाइन मुख्य बाजार तक लग गई। मंदिर में भक्तों की संख्या को देखते हुए यहां सेवादार सुबह तीन बजे से ड्यूटी पर तैनात थे। इस उपलक्ष्य पर मंदिर की सफाई का विशेष प्रबंध रहा।
मंदिर परिसर में प्रसाद का निरादर न हो, इसलिए बकायदा भक्तजनों से प्रसाद इधर उधर न चढ़ाने की अपील की गई। इस दौरान कमेटी की ओर से विशाल भंडारे का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर जोगिंदर मामा, गुरमीत सिंह, नरेश पपनेजा, दीपक कुमार, सुनील कुमार, जौनी छाबड़ा, इंद्र कुमार, सुभाष नीटू, पवन कुमार, विनोद किंगर, उमेश कुमार, पंकज कुमार और सुरेश छाबड़ा मौजूद थे।
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ढूंढने से भी कंजक नहीं मिली
अष्टमी पूजन पर शनिवार को कई गली मोहल्लों में लोगों को ढूंढने से भी कंजक नहीं मिलीं।
दस वर्ष से कम आयु की कंजक को ढूंढने के प्रयास में लोगों ने पहले अपनी मोटरसाइकिल का खूब पेट्रोल खर्चा, फिर कहीं जाकर उन्हें कंजक माता का आर्शीवाद प्राप्त हुआ। कई कई जगह तो एक- एक कंजक का बीस बीस घर में पूजन किया गया।
कंजक पूजन के लिए लोगों ने घरों में लाइन लगा कर अपने घर पर पूजा की। वहीं, कई जगह कंजक की शुक्रवार रात को ही एडवांस में बुकिंग की गई।
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श्री सत्यनारायण मंदिर कमेटी ने एक सौ एक कंजक का पूजन किया। इसमें मुख्य मेहमान ऑल इंडिया लोक भलाई ट्रस्ट के प्रधान जगदीश जगा थे।
प्राचीन दुर्गा मंदिर परिसर में सुबह चार बजे से ही भक्तों की लंबी लाइन मुख्य बाजार तक लग गई। मंदिर में भक्तों की संख्या को देखते हुए यहां सेवादार सुबह तीन बजे से ड्यूटी पर तैनात थे। इस उपलक्ष्य पर मंदिर की सफाई का विशेष प्रबंध रहा।
मंदिर परिसर में प्रसाद का निरादर न हो, इसलिए बकायदा भक्तजनों से प्रसाद इधर उधर न चढ़ाने की अपील की गई। इस दौरान कमेटी की ओर से विशाल भंडारे का आयोजन किया गया।
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इस अवसर पर जोगिंदर मामा, गुरमीत सिंह, नरेश पपनेजा, दीपक कुमार, सुनील कुमार, जौनी छाबड़ा, इंद्र कुमार, सुभाष नीटू, पवन कुमार, विनोद किंगर, उमेश कुमार, पंकज कुमार और सुरेश छाबड़ा मौजूद थे।
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ढूंढने से भी कंजक नहीं मिली
अष्टमी पूजन पर शनिवार को कई गली मोहल्लों में लोगों को ढूंढने से भी कंजक नहीं मिलीं।
दस वर्ष से कम आयु की कंजक को ढूंढने के प्रयास में लोगों ने पहले अपनी मोटरसाइकिल का खूब पेट्रोल खर्चा, फिर कहीं जाकर उन्हें कंजक माता का आर्शीवाद प्राप्त हुआ। कई कई जगह तो एक- एक कंजक का बीस बीस घर में पूजन किया गया।
कंजक पूजन के लिए लोगों ने घरों में लाइन लगा कर अपने घर पर पूजा की। वहीं, कई जगह कंजक की शुक्रवार रात को ही एडवांस में बुकिंग की गई।