आखिर कुकर्मों की मिली सजा: भजन गायक के परिवार पर काल बनकर टूट पड़ा था हिमांशु, मासूम बच्चों को भी नहीं बख्शा
जागरण मंडली में शामिल उनके सबसे नजदीकी कलाकार व शिष्य हिमांशु सैनी ने अपने गुरु अजय पाठक की सोते हुए तलवार से काटकर हत्या कर दी थी। इसके बाद उनकी पत्नी स्नेह लता और मासूम बेटी वसुंधरा और बेटे भागवत की भी हत्या कर दी थी।
हिमांशु गांव झारखेड़ी, कैराना का रहने वाला है और करीब ढाई साल से अजय पाठक की भजन मंडली में काम कर रहा था। उनके घर भी उसका आना जाना था और रात में वहीं रुक जाता था। हिमांशु की आर्थिक हालत ठीक नहीं थी, एक बैंक ने पांच लाख रुपये का ऋण अदा न करने पर रिकवरी नोटिस जारी किया हुआ है। कई और लोगों की भी उस पर देनदारी थी, जिससे वह मानसिक तनाव में था।
हिमांशु ने पुलिस को बताया कि अजय पाठक पर भी उसके करीब 60 हजार रुपये चाहिए थे। मांगने पर वह उसे अपशब्द कहते और दूसरों के सामने उसे बेइज्जत करते थे। इसलिए वह उनसे नफरत करने लगा था।
30 दिसंबर की रात हिमांशु अजय पाठक के घर पर ही था, रात में अजय पाठक के पैर दबाते हुए उसने अपनी कर्जदारी का हवाला देकर अपने रुपये मांगे, लेकिन पाठक ने उसे डांट दिया। इससे क्षुब्ध हिमांशु ने रात करीब तीन बजे मकान में रखी छोटी तलवार व चाकू उठाया और अजय पाठक, उनकी पत्नी स्नेहा, बेटी वसुंधरा व बेटे भागवत की हत्या कर दी।