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सियासत में मंझे हुए बल्लेबाज की तरह जम गए थे चेतन चौहान, पहले ही चुनाव में जीता था जनता का दिल
Mon, 17 Aug 2020 09:42 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, अमरोहा
अमर उजाला नेटवर्क, अमरोहा
Published by: शाहरुख खान
Updated Mon, 17 Aug 2020 09:42 AM IST
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चेतन चौहान (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
टीम इंडिया के पूर्व टेस्ट क्रिकेटर और प्रदेश के कैबिनेट मंत्री चेतन चौहान की सियासी पारी क्रिकेट से लंबी रही। सलामी बल्लेबाज के रूप में टेस्ट क्रिकेट में टीम इंडिया के लिए लगभग 12 साल कई मैदानों पर खेले। क्रिकेट का मैदान छोड़ने के बाद वह सियासत की ओर बढ़े। करीब 29 साल की उनकी सियासी पारी पर रविवार को अचानक विराम लग गया।
चेतन चौहान (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
क्रिकेट की पिच से सियासी पिच का रुख करने पर चेतन चौहान को भाजपा ने वर्ष 1991 के लोकसभा चुनाव में अमरोहा संसदीय क्षेत्र में उतारा था। इसके बाद चेतन चौहान ने सियासत में पीछे मुड़कर नहीं देखा। पहले ही चुनाव में जीत दर्ज की। वह अमरोहा की सियासत में एक मंझे हुए बल्लेबाज की तरह जम गए।
चेतन चौहान (फाइल फोटो)
उन्होंने भाजपा के टिकट पर अमरोहा से लगातार पांच लोकसभा चुनाव लड़े। हालांकि उन्हें जीत सिर्फ दो बार मिली। तीन बार उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इन उतार-चढ़ाव के बीच वह वर्ष 1991 से लेकर 2020 तक 29 साल अमरोहा की राजनीति में सक्रिय रहे।
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चेतन चौहान (फाइल फोटो)
वर्ष 2017 में अपना पारंपरिक सियासी रुख बदलते हुए विधानसभा चुनाव में हाथ आजमाया। अमरोहा जिले की नौगांवा विधानसभा सीट से चुनाव जीतकर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री बने। यूपी सरकार में पहले खेल मंत्री रहे, जबकि बाद में होमगार्ड मंत्री का दायित्व संभाल लिया था।
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चेतन चौहान (फाइल फोटो)
- फोटो : पीटीआई
इससे पहले सितंबर 1969 में न्यूजीलैंड के खिलाफ टीम इंडिया के लिए क्रिकेट की शुरुआत करने वाले चेतन चौहान ने 13 अप्रैल 1981 न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट खेलने के बाद क्रिकेट का मैदान छोड़ दिया था। लगभग 12 साल की क्रिकेट पारी में उनका लंबे समय टीम इंडिया का सलामी बल्लेबाज रहना और 90 रनों का आंकड़ा कई दफा पार करके भी शतक से चूक जाना लोग भुलाए नहीं भूलते।