मेरठ में हस्तिनापुर क्षेत्र के पलड़ा गांव में हुए विशु हत्याकांड के मामले में गिरफ्तार किए गए दो आरोपियों में से 25 हजारी के इनामी आरोपी ने पुलिस हिरासत से भागने का प्रयास किया। खेतों में हथियार की बरामदगी के दौरान इनामी आरोपी ने सिपाही से पिस्टल छीन लिया और फायरिंग करता हुआ वहां से भागने लगा। पुलिस टीम ने जवाबी कार्रवाई करते हुए आरोपी के पैर में गोली मारकर उसे दबोच लिया।
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वहीं शनिवार तड़के पुलिस ने उसे मौके पर ले जाकर पस्टिल को बरामद कर लिया। पिस्टल बरामद होने के बाद पुलिस उसकी फर्द तैयार कर रही थी, जबकि सिपाही सोनू ने आरोपी शाहनवीज को पकड़ रखा था। अंधेरे का फायदा उठाकर आरोपी ने सिपाही से पिस्टल छीन लिया और पुलिस टीम की तरफ फायरिंग कर वहां से भागने लगा। इससे पुलिसकर्मियों में भी हड़कंप मच गया। पुलिस टीम ने आरोपी का पीछा किया और मुठभेड़ के बाद आरोपी को थोड़ी दूरी पर पकड़ लिया। इस दौरान आरोपी के पैर में गोली भी लग गई। उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
अनस के कहने पर हुए थे हत्याकांड में शामिल
पूछताछ में सामने आया कि दोनों आरोपियों को मुख्य आरोपी अनस ने हत्याकांड की योजना में शामिल किया था। आरोपी अनस पहले ही गिरफ्तार हो चुका है। आरोपियों ने बताया कि हत्याकांड वाले दिन वह सुबह से ही विशु की रेकी कर रहे थे। गांव में पहुंचने के बाद उसे मौत के घाट उतार दिया गया। हत्याकांड में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
हस्तिनापुर थाना प्रभारी को किया लाइन हाजिर
पलड़ा गांव में विशु हत्याकांड के बाद बवाल के मामले में लगातार थाना प्रभारी बच्चू सिंह की लापरवाही सामने आ रही थी। यहां तक कि स्थानीय लोगों ने भी थाना प्रभारी की लापरवाह कार्यशैली पर सवाल उठाए थे। शुक्रवार देर रात एसएसपी रोहित सिंह सजवाण ने थाना प्रभारी बच्चू सिंह को लाइन हाजिर कर दिया। उनके स्थान पर क्राइम ब्रांच से इंस्पेक्टर रमेश शर्मा को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं चौकी पर तैनात पुलिसकर्मियों को लेकर भी जांच शुरू कर दी गई है। पता किया जा रहा है कि उनकी कार्यशैली कैसी है और लापरवाही में कौन-कौन शामिल रहा है। लापरवाही मिली तो उन पर भी गाज गिर सकती है।
गांव में अभी भी फोर्स तैनात
पलड़ा गांव में बवाल को कई दिन बीत चुके हैं। फिलहाल गांव का माहौल भी शांत है, लेकिन पुलिस अधिकारी कोई भी लापरवाही नहीं करना चाहते। इसी कारण गांव में तैनात फोर्स को नहीं हटाया जा रहा है। शनिवार को भी भारी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जब तक पूरी तरह शांति का माहौल नहीं होगा फोर्स को नहीं हटाया जाएगा।