यूपी के मेरठ में जेई सुशील की हत्या घर में हुई और खून के छींटे सामने वाले जेई भारत सिंह के क्वार्टर के अंदर मिले हैं। इसको देखते हुए पुलिस ने भारत सिंह को हिरासत में लिया है। सवाल है कि आखिर भारत के क्वार्टर में खून के छींटे कैसे पहुंचे। दूसरी ओर आखिर जेई हत्या से पहले रोया क्यों था, क्या उसे अपनी मौत को अंदाजा पहले से था।
हत्या से पहले आखिर क्यों रोया था जेई, पांच लोग और 25 सवालों में उलझीं जांच, जल्द होगा खुलासा
ट्यूबवेल कॉलोनी की दो मंजिल में चार सरकारी क्वार्टर हैं। ऊपरी मंजिल के एक क्वार्टर में सुशील और दूसरे क्वार्टर में भारत सिंह रहते हैं। भारत मूलरूप से धनपुरा गांव इंचौली के हैं। उनका परिवार मोदीनगर में रहता है। सुशील की हत्या सुबह हुई।
पुलिस के मुताबिक खून से लथपथ सुशील का शव बेड पर था। फोरेंसिक टीम को खून के छींटे भारत के क्वार्टर में दीवारों पर भी मिले हैं। पुलिस ने बताया कि भारत से पूछताछ चल रही है। हालांकि भारत ने पुलिस से कहा कि वह बेकसूर है। सुशील की हत्या से उसका कोई लेनादेना नहीं है।
मुझे नहीं पता कैसे लगे छींटे
दीवारों पर लेंगे खून के छींटों के बारे में पूछने पर भारत ने बताया कि वह इस क्वार्टर में एक साल से रहते हैं। छींटे कैसे लगे, इसका मुझे पता नहीं। हो सकता है कि वे पहले से हों। सुशील के बच्चों ने जब आवाज दी, तब वह बाथरूम में नहा रहे थे।
आखिर क्या छुपा रहा भारत?
एसपी सिटी अखिलेश नारायण सिंह के अनुसार, भारत सिंह ने शुरूआत में बताया कि वह सुशील के क्वार्टर पर एक माह पहले गए थे। बच्चों ने बताया कि भारत अक्सर क्वार्टर में आ जाते थे। दो दिन पहले भारत अंकल ने घर पर खाना भी खाया था। मंगलवार शाम भी आए थे। दोबारा पूछताछ में भारत ने बताया कि वह गए थे। भारत कुछ न कुछ छुपा रहे हैं, इसलिए उनको हिरासत में लिया गया है।
तीस मिनट, पांच लोग और पुलिस के 25 सवाल, आखिर क्यों हुई जेई की हत्या
जेई सुशील कुमार की हत्या के मामले में पुलिस ने उनके तीनों बच्चों, पत्नी और पड़ोसी जेई से अलग-अलग करीब छह घंटे तक पूछताछ की। पांच लोगों से एक के बाद एक 25 सवाल पुलिस ने पूछे। इसमें उनको कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिलीं।
पुलिस का कहना है कि हत्यारा करीबी है, जोकि सब कुछ जानता था। जेई सुशील कुमार सिर्फ 30 मिनट अपने परिवार से अलग रहे। पत्नी मोनिका का दावा है कि नौ बजे क्वार्टर से गईं और 9:30 बजे लौट आईं। इस दौरान एक बेटी व बेटा भी बाहर थे। सुशील सुबह छह बजे उठे और नाश्ता भी किया था।