श्रावण मास की महाशिवरात्रि के छह दिन शेष रह गए हैं। हरिद्वार से गंगाजल लेकर कांवड़ियों के जत्थे गंतव्य की ओर बढ़ रहे हैं। रविवार को हजारों की संख्या में कांवड़ियां मेरठ जनपद से गुजरे। हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान के कांवड़ियां भोले बाबा के जयकारे लगाते हुए चल रहे हैं। रात के समय सड़कों से गुजरने वाली शिव की बड़ी झांकी कांवड़ों से जगमग हो गया। शहर की छटा निराली दिख रही है:-
यूपी: कांवड़ यात्रा की रौनक से जगमगाया शहर, अनके अवतार में नजर आए भोले शिव शंकर
जगह-जगह लगे कांवड़ सेवा शिविर में श्रद्धालु जहां कांवड़ियों की सेवा कर रहे है। कांवड़ियां डीजे पर जमकर झूमे। भोले बाबा के भजनों पर नृत्य किया। मेरठ में इन दिनों नेशनल हाईवे कांवड़ मेले के दौरान पूरी तरह से लोगों से भरा हुआ है।
हरिद्वार से गंगाजल और कांवड़ लेकर बच्चे, जवान व बुजुर्ग सभी उम्र के कांवड़िए जल लेकर अपनी अपनी मंजिल की ओर बढ़ रहे हैं। कांवड़ियों को देखने वाले और उनकी सेवा करने वालों की हाईवे पर भीड़ लगी हुई है।
महिलाओं में भी कांवड़ यात्रा के दौरान गजब का उत्साह देखने को मिल रहा है। जहांगीर पुरी दिल्ली की रहने वाली चंदा व राज कुमारी ने बताया कि वह प्रत्येक वर्ष भगवान शिव की कांवड़ लाती है। इस बार उनकी पांचवीं कांवड़ है। उनका मानना है कि भगवान शिव अपने भक्तों की हर मनोकामना पूरी करते हैं और उनकी सभी पीड़ा हर लेते हैं।
जिले से गुजरे 40 लाख कांवड़िये
मेरठ शहर, हाईवे और नहर पटरी मार्ग पर इस बार कांवड़ियों की संख्या बहुत अधिक है। कांवड़ सेवा शिविर संचालक और पुलिस प्रशासन से मिले एक आंकड़े के अनुसार शहर की सीमा से अभी तक 40 लाख से ज्यादा कांवड़िये गुजर चुके हैं।
इसको देखते हुए एलआईयू सहित पुलिस और प्रशासन भी चौकन्ना हो गया है। हाईवे पर आरएएफ तैनात है और वाहनों का आवागमन पूरी तरह बंद कर दिया गया है। शिवभक्तों के वाहनों की तादाद में लगातार इजाफा हो रहा है। सुरक्षा को देखते हुए बिना पास वाले वाहनों को पूरी तरह रोक दिया गया है।