यूपी में पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ों को सिलसिला लगातार जारी है। इसी क्रम में मंगलवार तड़के मेरठ शहर में परतापुर और रेलवे रोड पर मुठभेड़ में तीन बदमाशों के पैरों में पुलिस की गोली लगी। तीनों बदमाश शातिर बताए गए, जिन्हें पुलिस ने मेडिकल अस्पताल में भर्ती कराया है।
बदमाशों ने चलती बाइक से बरसाईं गोलियां, पुलिस फायरिंग में 3 घायल, देखें मुठभेड़ की Live तस्वीरें
एसपी सिटी रणविजय सिंह के मुताबिक बिजली बंबा बाईपास पर रविवार रात बदमाशों ने कई लोगों से लूट की थी। इसको देखते हुए सोमवार रात इंस्पेक्टर परतापुर नीरज मलिक टीम के साथ चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान बाइक पर जा रहे दो संदिग्ध लोगों को रोकने की कोशिश की गई तो उन्होंने पुलिस टीम पर गोलियां चला दीं। पुलिस ने जवाबी फायरिंग की। जिसमें दोनों बदमाशों के पैरों में पुलिस की गोली लगी। पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों बदमाशों को पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक आरोपी जगमोहन हरियाणवी उर्फ पहलवान निवासी बड़गांव सोनीपत (हाल पता शिवशक्तिनगर ब्रह्मपुरी) व गुड्डू उर्फ विनय निवासी दौराला को पकड़ा गया हैं। दोनों शातिर अपराधी है। दोनों पर दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं। बिजली बंबा बाईपास पर लूट की घटना भी इन्होंने कबूल की है।
वहीं, रेलवे रोड पुलिस ने एक आरोपी वकील निवासी अजराड़ा मुंडाली के पैर में गोली मार दी। एएसपी कैंट सतपाल सिंह ने बताया कि आरोपी वकील अपने साथी फिरदौस के साथ लूट के इरादे से आया था। पुलिस ने रोकने का प्रयास किया तो दोनों ने गोलियां चला दीं। जवाबी फायरिंग में वकील के पैर में गोली लगी, जबकि फिरदौस फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी की बाइक और एक तमंचा बरामद किया है। देर रात पुलिस फरार आरोपी की तलाश में लगी थी। एसओ रेलवे रोड के अनुसार वकील पर जयपुर से 25 हजार का इनाम था। उस पर कोटपुतली जयपुर में डकैती सहित हत्या का केस दर्ज था। गाजियाबाद के मसूरी के अलावा हापुड़ और मुंडाली थाने में लूट, डकैती के एक दर्जन मुकदमे दर्ज हैं।
अंधेरा होते ही बदमाशों के हवाले बाईपास
बिजली बंबा बाईपास आधी रात के बाद बदमाशों के हवाले हो जाता है। पुलिस पिकेट भी गायब हो जाती हैं। करीब दो माह पूर्व बाईपास पर लूट के विरोध में सॉफ्टवेयर इंजीनियर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। लेकिन पुलिस गंभीर नहीं हुई। सीमा विवाद में उलझने वाली पुलिस समन्वय न होने पर गश्त भी नहीं करती, जिसका फायदा बदमाश उठाते हैं।
बाईपास की सुरक्षा को देखते हुए सीओ ब्रह्मपुरी कार्यालय शहर के बीच से शॉप्रिक्स मॉल के पास शिफ्ट किया गया था। बिजली बंबा बाईपास से करीब सात किमी की दूरी पर लिसाड़ी गांव बाईपास, जुर्रानपुर फाटक समेत पांच जगहों पर पुलिस तैनात होती हैं। लेकिन आधी रात को पुलिस गायब हो जाती है। करीब दो माह पहले बदमाशों ने नोएडा से लौट रहे सॉफ्टवेयर इंजीनियर अंकित राजवंशी को लूट के विरोध में गोली मारी थी। एक सप्ताह के बाद अंकित ने इलाज के दौरान दिल्ली के अस्पताल में दम तोड़ दिया था।