फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

नदियाें से घिरा हुअा चित्रकूट अाखिर क्याें है प्यासा

Fri, 12 Jan 2018 03:56 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर Updated Fri, 12 Jan 2018 03:56 PM IST
विज्ञापन
thearsty chitrakoot situated on the bank of River Mandakini
डेमो पिक
एशिया की सबसे बड़ी पाठा जलकल योजना सहित कई पेयजल योजना चलने के बावजूद मानिकपुर व मऊ क्षेत्र के ग्रामीण क्षेत्र में पेयजल का संकट बना रहता हैं। केंद्र सरकार ने चित्रकूट जिले को पिछड़ा घोषित कर विकास की पहल एक बार फिर शुरू कर दी है।

 

 

करोड़ों के खर्च के बाद भी प्यासा चित्रकूट

thearsty chitrakoot situated on the bank of River Mandakini
डेमो पिक

जिससे ग्रामीणों के चेहरे चमक उठे हैं। केंद्र सरकार ने पेयजल की योजनाएं पूरी करने को चित्रकूट जिले 42.41 करोड़ दिए हैं। इससे पहले भी चित्रकूट में पानी की समस्या के लिए सरकार करोड़ों खर्च कर चुकी है। 

 

एशिया की सबसे बड़ी योजना के बाद भी पेयजल की समस्या से जूझ रहे ग्रामीण 

thearsty chitrakoot situated on the bank of River Mandakini
डेमो पिक

जिले की अधिकतर जमीन पथरीली होने के कारण पेयजल का संकट बना रहता हैं। मानिकपुर व मऊ क्षेत्र में कई फीट बोरिंग करने के बाद भी पानी नहीं निकलता। हैंडपंप गर्मी आते ही सूख जाते हैं। जिले में कहने को तो एशिया की सबसे बड़ी पाठा जलकल योजना बनाई गई है।
 

 

विज्ञापन
विज्ञापन

19 पेयजल योजनाओं में 14 योजनाएं की निकली हवा

thearsty chitrakoot situated on the bank of River Mandakini
डेमो पिक
इसके साथ ही 19 पेयजल योजनाएं चल रही हैं जिसमें से 14 योजनाएं सही तरीके से न चल पाने से पेयजल की समस्या सुधर नहीं पा रही हैं। मानिकपुर क्षेत्र के मारकुंडी इलाके व बहिलपुरा क्षेत्र में सबसे अधिक समस्या होती है। जबकि मऊ क्षेत्र के बरगढ़ इलाके में भी पानी की समस्या विकराल बनी रहती है। 
 

 

विज्ञापन

यमुना व मंदाकिनी का पानी बुझाएगा प्यास  

thearsty chitrakoot situated on the bank of River Mandakini
डेमो पिक
जल संस्थान के परियोजना प्रबंधक इ. एस के सिंह ने बताया कि इन मऊ ग्राम्य योजना के तहत यमुना नदी से मऊ क्षेत्र के 58 गांव व बरगढ़ क्षेत्र के 38 गांव में पानी उपलब्ध कराने के लिए कार्य चल रहा है। इन योजनाओं के पूरी तरह से चालू हो जाने से पाठा क्षेत्र की पेयजल समस्या कम हो जाएगी।

 

 

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed