फतेहपुर जिले में नशे का लती विक्षिप्त बेटा मां और पिता के लिए रविवार रात काल बन गया। सो रहे मां और पिता पर बांका से हमला किया। हमले से मां की मौके पर मौत हो गई। सिर में चोट लगने से पिता गंभीर रूप से घायल हो गया। शोर सुनकर आसपास के लोग पहुंचे। घर का मंजर देखकर लोगों के होश उड़ गए। आरोपी मौके से भाग निकला। हालांकि पुलिस ने उसे हाइवे किनारे से सोमवार सुबह गिरफ्तार कर लिया।
जिसने पाला, उसी को मार डाला: बांके से मां को काटा, गले में पड़ा मंगलसूत्र ले गया बेटा; शराब ने बना दिया शैतान
शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
सिर में चोट लगने से ननकू की हालत गंभीर थी। परिजनों ने ननकू को जिला अस्पताल पहुंचाया और पुलिस को सूचना दी। इधर, महेश रात को घर से भाग निकला। पुलिस खोजबीन में जुटी रही। सुबह लगभग सात बजे ग्रामीणों ने हाइवे किनारे खेत में महेश को देखकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया। कोतवाल शमशेर बहादुर सिंह ने बताया आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया गया है। शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
हत्या के बाद मां का मंगलसूत्र छीन ले गया बेटा
बेरहमी से हत्या के बाद मां के गले से मंगलसूत्र बेटा छीन ले गया था। उसे मंगलसूत्र छीनकर भागते रात को लोगों ने देखा भी था। उसे रोकने की कोई हिम्मत नहीं जुटा सका। बेटे की परिजनों के बीच व्याप्त दहशत भी लोगों ने बयां की है। तुराबअली का पुरवा निवासी जमुना देवी की हत्या के बाद आसपास के लोगों के बीच परिवार की चर्चाएं रही हैं। घटना के बाद रात आसपास के लोग पहुंचे थे।
नहीं दे सका सही जवाब
पड़ोसियों ने बताया कि मां की हत्या के बाद महेश मंगलसूत्र गले से छीनकर भाग निकला था। आरोपी को पुलिस ने सुबह पकड़ा। पुलिस के सामने लोगों ने तलाशी लेने की बात कही। पुलिस आरोपी को कोतवाली लेकर आई। यहां परिजन भी पहुंचे। तलाशी में मंगलसूत्र नहीं मिला। पूछताछ में मानसिक बीमार होने के कारण सही जवाब भी नहीं दे सका। पुलिस का मानना है कि कहीं मंगलसूत्र फेंका होगा।
बेटे की दहशत से पड़ोस के घर में सोती थी मां
परिजनों ने बताया कि पहले कई बार नशे की पूर्ति के लिए रुपये न देने पर मां और पिता के साथ महेश मारपीट कर चुका है। बेटे के पागलपन की वजह से जमुना देवी दहशत में रहती थी। वह पड़ोस में रहने वाले परिवार के घर में अक्सर रात को सोने चली जाती थी, लेकिन रविवार की रात घर में ही सो गई थी। पड़ोसियों के मुताबिक आरोपी महेश घर में नहीं रुकता था। वह घर में अचानक खाना-पानी के लिए आता था और फिर चला जाता था।