फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

साहब कब मानोगे! गुडवर्क के नाम पर पुलिस का ये काम आपको हैरान कर देगा

Sun, 11 Mar 2018 10:44 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर Updated Sun, 11 Mar 2018 10:44 PM IST
विज्ञापन
Police did this Irresponsible act for goodwork
डेमाे पिक

गुडवर्क के लिए पुलिस के फर्जीवाड़े की पोल एक बार फिर खुल गई। यूपी में कानपुर चकेरी पुलिस ने चेक बाउंस के मामले में जारी गैर जमानती वारंट पर शुक्रवार को आरोपी के बजाय बेकसूर सिविल ठेकेदार वीरेंद्र पाल को गिरफ्तार कर हवालात में डाल दिया।




 

Police did this Irresponsible act for goodwork
डेमाे पिक
कोर्ट ने चेक बाउंस के मामले में 148 सी तिवारीपुर, जाजमऊ निवासी वीरेंद्र कुमार पाल के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर उसे कोर्ट में पेश करने के आदेश चकेरी पुलिस को दिए थे। शुक्रवार रात जाजमऊ चौकी में तैनात पुलिसकर्मी वीरेंद्र कुमार पाल की जगह 14 सी तिवारीपुर, जाजमऊ निवासी सिविल ठेकेदार वीरेंद्र पाल को उनके घर से दबोच लिया।


 
Police did this Irresponsible act for goodwork
डेमाे पिक
वीरेंद्र ने वारंट पर लिखे वीरेंद्र कुमार पाल और अपने पिता के नाम व पते में अंतर होने की बात पुलिसकर्मियों को बताई। कहा कि उसके पिता का नाम शिव प्रसाद पाल है, जबकि वीरेंद्र कुमार पाल के पिता का नाम स्वर्गीय शिव नारायण पाल लिखा है। ठेकेदार की दलील को पुलिस वालों ने अनसुना कर दिया। इसके बाद उसे पकड़ कर थाने ले आए। वीरेंद्र पाल ने बताया कि उन्होंने थाने में भी अफसरों के सामने अपनी बात रखी, लेकिन किसी ने नहीं सुनी। हवालात में उन्हें पूरी रात रखा गया।

 
विज्ञापन
विज्ञापन
Police did this Irresponsible act for goodwork
डेमाे पिक
शनिवार सुबह उसने पुलिस अफसरों को अपना आधार कार्ड भी दिखाया। इसके बाद भी पुलिस वालों ने उसका चालान कर दिया। पुलिसकर्मी कोर्ट में पेश करने से पहले मेडिकल कराने के लिए उसे उर्सला ले गए। यहां डॉक्टर ने यह कहकर उसका मेडिकल कर दिया कि पुलिस ने जो चिट्ठी भेजी है, उसी के आधार में मेडिकल होगा। डॉक्टर ने भी उसकी बात नहीं सुनी। इस पर परिजन और वकील हंगामा करने लगे। इसकी सूचना पुलिस अफसरों तक पहुंच गई। इसके बाद उसे जाजमऊ पुलिस चौकी बुला लिया गया। मामले की फिर से पड़ताल करने के बाद खुद की चूक सामने आने पर पुलिस ने शाम को चौकी से ठेकेदार को छोड़ दिया।

 
विज्ञापन
Police did this Irresponsible act for goodwork
डेमाे पिक
चौकी प्रभारी का बयान
वारंटी वीरेंद्र कुमार पाल और वीरेंद्र पाल व पता मिलता-जुलता था। इसलिए वीरेंद्र कुमार पाल की जगह वीरेंद्र पाल को पकड़ा गया था। जांच में सत्यता सामने आने के बाद वीरेंद्र पाल को लिखापढ़ी के बाद पुलिस चौकी से छोड़ दिया गया है।- विनोद सिंह, चौकी प्रभारी जाजमऊ, थाना चकेरी

एसएसपी का बयान:
मामला संज्ञान में नहीं है। ऐसा हुआ है तो जांच कराकर दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी।- अखिलेश कुमार, एसएसपी
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed